मेरठ मेडिकल कॉलेज में डॉक्टर साहब कुर्सी पर सोने में मस्त
मरीज पूरी रात इलाज के लिए तड़पता रहा, और सुबह दम तोड़ दिया…लेकिन, डॉक्टर साहब सोते रहे….कहते हैं कि, डॉक्टर्स भगवान का रूप होते हैं…. क्योंकि, अस्पताल में आए हर एक गंभीर से गंभीर मरीज और उसके परिवार को एक उम्मीद होती है कि, डॉक्टर साहब बचा लेंगे… लेकिन, जब डॉक्टर साहब के लिए तड़पते मरीज का मर्ज इमरजेंसी ना हो, और डॉक्टर साहब की इमरजेंसी नींद बन जाए… तो आप उस डॉक्टर को भी भगवान कहेंगे….कमेंट बॉक्स जरूर अपनी राय दें…
ऐसा ही मामला मेरठ के मेडिकल कॉलेज अस्पताल में सामने आया है… जहां, इलाज के अभाव में एक घायल युवक की दर्दनाक मौत हो गई… ये मामला वैसे तो रविवार रात का है, जब हादसे में घायल 30 साल के सुनील कुमार को परिजन मेडिकल अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन वहां डॉक्टर और स्टाफ गहरी नींद में सोते रहे… परिजनों ने कई बार जगाने की कोशिश भी की, लेकिन डॉक्टर साहब और उनका स्टाफ नींद से उठने को तैयार ही नहीं थे… बल्कि घायल युवके के परिजनों से बहस भी करने लगे… जिसकी वजह से इलाज में काफी देरी हुई… और सुबह अस्पताल के बेड पर ही घायल युवक ने दम तोड़ दिया.
मेकठ के हसनपुर कला गांव में रहना वाला सुनील कुमार रविवार रात को पैदल चलकर होटल की ओर जा रहा था…. करीब 12 बजे सिसौली गांव के पास किसी अज्ञात वाहन ने उन्हें पीछे से टक्कर मार दी…जिसकी वजह से वो गंभीर रूप से घायल हो गया… साढ़े 12 बजे उन्हें मेरठ मेडिकल कॉलेज के इमरजेंसी में भर्ती कराया गया.
मगर, यहां डॉक्टर और स्टाफ गहरी नींद में सो रहे थे…. परिवारवालों का आरोप है कि, इमरजेंसी वार्ड में मौजूद डॉक्टर और स्टाफ को बार-बार जगाया गया…. मगर, उन्होंने ठीक से सुनील को देखा तक नहीं… एक पैर की पट्टी तो कर दी, लेकिन दूसरे पैर का कोई इलाज नहीं किया गया… उसके पैर से लगातार खून बहता रहा…. सुबह तक हालत बिगड़ गई और सुनील ने दम तोड़ दिया.
सुनील की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल में जमकर हंगामा किया…. उनका आरोप है कि, डॉक्टरों की लापरवाही और संवेदनहीनता के कारण उनकी आंखों के सामने उनका बेटा तड़पकर मर गया… हसनपुर कला गांव के प्रधान जग्गी ने बताया कि, वे रात 3 बजे अस्पताल पहुंचे थे, उस समय भी स्टाफ गहरी नींद में था… मरीज की हालत बेहद नाजुक थी, लेकिन किसी ने उसकी सुध नहीं ली… सुनील के परिवार ने दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की…
वहीं, माछरा गांव के प्रधान यतेंद्र शर्मा ने बताया कि, उन्होंने खुद सीएमओ से फोन पर संपर्क किया, लेकिन उन्हें ये कहकर टाल दिया गया कि, ये मामला उनके अधिकार क्षेत्र में नहीं है इस लिए कोई कार्रवाई नहीं कर सकते… हालांकि, इस पूरी घटना का सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो गया… जिससे विभाग में अफरा-तफरी मच गई… लेकिन, 2 डॉक्टरों को सस्पेंड कर दिया गया
मेरठ मेडिकल कॉलेज की ओर ये दी गई जानकारी से पता चला कि, रात के समय इमरजेंसी में ऑर्थोपेडिक्स विभाग के डॉ. अनिकेत और डॉ. भूपेश राय ड्यूटी पर थे… प्राथमिक जांच में दोनों की लापरवाही सामने आने पर उन्हें सस्पेंड कर दिया गया है… वहीं मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अशोक कटारिया ने भी मामले का संज्ञान लिया है और मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया. उन्होंने कहा कि, दोषियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी. जांच के लिए समिति गठित कर दी गई है.
सुनील के पिता अशोक कुमार का कहना है कि, उनका बेटा पूरी तरह जख्मी था, लेकिन डॉक्टरों ने न तो उसे ठीक से देखा, न पट्टियां बदलीं और न ही खून रोकने की कोई कोशिश की… ये मामला सिर्फ एक मरीज की मौत का नहीं, बल्कि सरकारी अस्पतालों की बदहाली, लापरवाही और अव्यवस्थाओं का है… जिसे सरकार चाहकर भी ठीक नहीं कर पा रही… लेकिन, ऐसे मामले जब-जब सामने आएंगे, तो एक सवाल जरूर उठेगा कि, इलाज के अभाव में कब तक लोग दम तोड़ते रहेंगे….
टी20 विश्वकप 2026 के दूसरा सेमीफाइनल वानखेड़े स्टेडियम में भारत और इंग्लैंड के बीच खेला…
चारधाम यात्रा को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं और यात्रा के लिए श्रद्धालुओं का…
Sukhoi Su-30MKI लड़ाकू विमान असम के Karbi Anglong जिले में बीती रात दुर्घटनाग्रस्त हो गया,…
अमेरिका, इजरायल और ईरान जंग के बीच दुनियाभर में तेल संकट की स्थिति पैदा हो…
आईसीसी मेन्स टी20 विश्वकप 2026 का दूसरा सेमीफाइनल मैच वानखेड़े में भारत और इंग्लैंड के…
Iran-US-Israel जंग के बीच रूस के राष्ट्रपति ब्लादिमीर पुतिन ने एक बड़ा ऐलान किया है।…