महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव 2024 के परिणामों में कांग्रेस को जबरदस्त हार का सामना करना पड़ा है। राज्य में महायुति सरकार बनने जा रही है, जबकि कांग्रेस के लिए यह चुनावी नतीजे एक बड़ा झटका साबित हुए हैं। इस हार के बाद पार्टी में खलबली मच गई है, और वरिष्ठ कांग्रेस नेता तथा महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण ने इस हार पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। चव्हाण ने पार्टी की इस हार को “अब तक की सबसे खराब हार” करार दिया और इसे चौंकाने वाला बताया।
पृथ्वीराज चव्हाण का बयान
पृथ्वीराज चव्हाण ने पीटीआई से बात करते हुए कहा, “यह हार चौंकाने वाली थी। हमने उम्मीद नहीं की थी कि हम इतनी बुरी हार का सामना करेंगे।” उन्होंने कहा कि यह हार महाराष्ट्र विधानसभा चुनावों में कांग्रेस के लिए सबसे खराब परिणाम है। चव्हाण ने यह भी बताया कि महायुति की सरकार द्वारा ग्रामीण इलाकों में महिलाओं को वित्तीय सहायता देने वाली “लड़की बहिन योजना” ने वहां के मतदाताओं को आकर्षित किया, जिससे विपक्षी महा विकास अघाड़ी (एमवीए) की संभावना प्रभावित हुई।
चव्हाण ने आगे कहा, “यह कहना मुश्किल है कि इस हार के पीछे कोई लहर थी या फिर कुछ अन्य कारणों से ध्रुवीकरण हुआ।” उन्होंने कांग्रेस की लीडरशीप को भी अपनी हार का एक कारण बताया। उनका कहना था कि “हमारी लीडरशीप बेहद खराब थी, जो हमारी हार के एक प्रमुख कारण के रूप में सामने आई।”
एमवीए के दिग्गजों की हार
पृथ्वीराज चव्हाण और कांग्रेस के अन्य नेताओं के लिए यह हार काफी बड़ी थी, क्योंकि कई दिग्गज नेता चुनाव हार गए। कांग्रेस, जो महा विकास अघाड़ी (एमवीए) का हिस्सा थी और 101 सीटों पर चुनावी मैदान में उतरी थी, केवल 16 सीटें ही जीत पाई। कांग्रेस की यह हार पार्टी के इतिहास में सबसे बड़ी हार मानी जा रही है।
चव्हाण ने कहा कि उन्हें उम्मीद थी कि वे सतारा जिले की कराड़ दक्षिण सीट से 5,000 से 6,000 वोटों से जीत सकते हैं, लेकिन वहां के सभी एमवीए उम्मीदवार करीब 40,000 वोटों के अंतर से हार गए। यह हार न केवल चव्हाण के लिए, बल्कि पूरे एमवीए गठबंधन के लिए एक बड़ा झटका थी।
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