Uncategorized

Maharashtra: आदित्य ठाकरे के खिलाफ मिलिंद देवड़ा लड़ सकते हैं चुनाव, मनसे की वजह से त्रिकोणीय हुआ मुकाबला

महाराष्ट्र की वर्ली विधानसभा सीट पर चुनावी मुकाबला काफी रोचक होता जा रहा है। यहां पर आदित्य ठाकरे, जो कि शिवसेना यूबीटी के नेता हैं, और मिलिंद देवड़ा, जो हाल ही में शिवसेना में शामिल हुए हैं, आमने-सामने आ सकते हैं। मनसे ने इस सीट से संदीप देशपांडे को अपना उम्मीदवार घोषित किया है, जिससे मुकाबला त्रिकोणीय हो गया है।

आदित्य ठाकरे का नामांकन

आदित्य ठाकरे ने गुरुवार को वर्ली सीट से अपना नामांकन भरा। उन्होंने इस अवसर पर एक भव्य रोड शो का आयोजन किया, जिसमें उन्होंने अपनी ताकत दिखाई। आदित्य ने इस दौरान कहा, “मुझे विश्वास है कि जनता मुझे अपना आशीर्वाद जरूर देगी क्योंकि इस बार महाराष्ट्र में महा विकास अघाड़ी की सरकार बनने जा रही है।” उनकी पार्टी के अन्य नेताओं ने भी उनके प्रति समर्थन जताया, जिसमें शिवसेना यूबीटी के नेता अरविंद सावंत भी शामिल हैं।

मिलिंद देवड़ा की पृष्ठभूमि

मिलिंद देवड़ा का राजनीतिक सफर बहुत दिलचस्प है। उन्होंने जनवरी में कांग्रेस छोड़कर एकनाथ शिंदे की शिवसेना में शामिल होने का निर्णय लिया। देवड़ा का राजनीतिक परिवार से गहरा नाता है; उनके पिता मुरली देवड़ा कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और केंद्रीय मंत्री रह चुके हैं। मिलिंद खुद दो बार लोकसभा सांसद रह चुके हैं और वर्तमान में राज्यसभा के सदस्य हैं। हाल ही में, उन्होंने संसद में राष्ट्रपति के अभिभाषण के धन्यवाद प्रस्ताव पर अपना पहला भाषण दिया, जिसमें उन्होंने अपने राजनीतिक आदर्शों की चर्चा की।

वर्ली सीट का राजनीतिक महत्व

वर्ली विधानसभा सीट historically शिवसेना के प्रभाव क्षेत्र में रही है। हाल ही में हुए चुनावों में शिवसेना यूबीटी को यहां केवल 6500 वोट की बढ़त प्राप्त हुई थी, जो कि उनकी स्थिति को चुनौती दे रहा है। ऐसे में, यदि मिलिंद देवड़ा को शिवसेना की ओर से टिकट मिलता है, तो मुकाबला और भी कठिन हो जाएगा।

मनसे का प्रभाव

राज ठाकरे की नेतृत्व वाली महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) ने वर्ली से संदीप देशपांडे को अपना उम्मीदवार बनाया है। यह सीट अब त्रिकोणीय मुकाबले की ओर अग्रसर है, जिसमें आदित्य ठाकरे, मिलिंद देवड़ा और संदीप देशपांडे के बीच सीधी टक्कर होगी। मनसे की भागीदारी चुनाव को और भी रोचक बना रही है।

शिवसेना की रणनीति

शिवसेना ने पहले ही अपने उम्मीदवारों की एक सूची जारी कर दी है, जिसमें 45 उम्मीदवारों के नाम शामिल हैं। माना जा रहा है कि पार्टी जल्दी ही दूसरी सूची भी जारी कर सकती है। शिवसेना महायुति गठबंधन का हिस्सा है, जिसमें भाजपा और एनसीपी भी शामिल हैं। भाजपा ने अपनी पहली सूची में 99 उम्मीदवारों के नाम घोषित किए हैं, जबकि एनसीपी ने अपनी पहली सूची में 38 और दूसरी सूची में 7 उम्मीदवारों के नाम जारी किए हैं।

चुनावी माहौल और भविष्य की संभावनाएँ

चुनावी माहौल काफी गर्म है, और विभिन्न पार्टियाँ अपने-अपने रणनीतिक प्रयासों में जुटी हुई हैं। आदित्य ठाकरे का रोड शो और मिलिंद देवड़ा का समर्थन प्राप्त करना वर्ली सीट के लिए निर्णायक साबित हो सकता है। यह चुनाव केवल वर्ली सीट के लिए नहीं, बल्कि महाराष्ट्र की राजनीति के लिए भी महत्वपूर्ण है।

admin

Recent Posts

दिल्ली में क्यों नहीं रुक रहे बिल्डिंग हादसे? नियमों के बावजूद खड़ी हैं हादसों को दवात देती इमारतें

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली की घनी आबादी वाले इलाकों में अवैध और कमजोर इमारतों का खतरा…

2 hours ago

शाहजहांपुर: पुलिसवाले ही बन गए किडनैपर, सर्राफा व्यापारी से की रंगदारी

उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले में पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करने वाला…

3 hours ago

मायावती का नया सियासी दांव! आकाश आनंद के बाद ईशान आनंद को बड़ी जिम्मेदारी

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 से पहले बहुजन समाज पार्टी (BSP) में बड़ा संगठनात्मक बदलाव…

4 hours ago

उत्तराखंड के इन गांवों में पीलिया और डायरिया का कहर, 100 से ज्यादा बीमार, 2 की मौत

उत्तराखंड के नैनीताल जिले में पीलिया और डायरिया के बढ़ते मामलों ने लोगों की चिंता…

4 hours ago

11 दिन बाद मलबे से जिंदा निकली महिला, नेपाल में चमत्कारिक रेस्क्यू

नेपाल के नुवाकोट जिले में राहत और बचाव अभियान के दौरान एक बेहद हैरान करने…

2 days ago

मंडी में अधिकारियों पर भड़कीं कंगना रनौत, बोलीं- अब काम दिखना चाहिए

हिमाचल प्रदेश के मंडी में जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति यानी दिशा की बैठक…

2 days ago