गुरुग्राम में मौसम में हो रहे बदलाव और बढ़ते प्रदूषण से मरीजों की संख्या भी बढ़ गई है। जिससे सबसे ज्यादा प्रभावित बच्चों और बुजुर्ग हो रहे हैं। निमोनिया और खांसी-जुकाम के साथ-साथ सांस लेने में परेशानी की वजह से लोग अपने बच्चों को लेकर अस्पताल पहुंच रहे हैं। सरकारी और निजी अस्पतालों में मरीजों की संख्या भी बढ़ गई है।
गुरुग्राम के सीएमओ डॉक्टर वीरेंद्र यादव की माने तो प्रदूषण का स्तर अभी भी खराब श्रेणी में बना हुआ है जिसकी वजह से बच्चों और बुजुर्गों को अतीयत बरतने की जरूरत है। इस मौसम की वजह से बुजुर्गों में सीओपीडी और अस्थमा जैसी बीमारी बढ़ती हुई नजर आ रही है। वहीं बच्चों को भी सांस लेने में दिक्कतो का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि इस वक्त अगर जरूरी हो तो ही लोग घरों से बाहर निकले और अपने स्वास्थ्य का ध्यान रखें।
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव 2027 भले ही अभी दूर हो, लेकिन राजनीतिक दलों ने…
लोकप्रिय फ्लोरल शोकेस के दूसरे संस्करण में ‘फ्रोजन’ का नया इंटरैक्टिव ज़ोन, ‘टॉय स्टोरी 5’…
राजस्थान कांग्रेस एक बार फिर अपने पुराने राजनीतिक समीकरणों को लेकर चर्चा में आ गई…
पूर्वी दिल्ली के गांधीनगर इलाके में एक गारमेंट फैक्ट्री के भीतर हुए विवाद ने खूनी…
केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना (PMUY) के तहत मिलने वाली एलपीजी सब्सिडी के नियमों…
हरियाणा के बड़ी औद्योगिक क्षेत्र में बिजली आपूर्ति को लेकर लंबे समय से चली आ…