दिल्ली में राजनीतिक और संवैधानिक संकट की स्थिति गहराती जा रही है। हाल ही में, दिल्ली में भाजपा विधायकों ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को एक पत्र भेजकर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को बर्खास्त करने की मांग की है। इस पत्र को राष्ट्रपति कार्यालय ने गृह मंत्रालय के पास भेज दिया है। पत्र में यह उल्लेख किया गया है कि केजरीवाल जेल में हैं, जिससे सरकार के कामकाज में रुकावट आ रही है।
राष्ट्रपति को भेजे गए पत्र में उठाए गए मुद्दे
भाजपा विधायकों ने राष्ट्रपति को भेजे गए पत्र में लिखा है कि अरविंद केजरीवाल जेल में होने के कारण सरकार के महत्वपूर्ण कार्य अटके हुए हैं। पत्र में बताया गया है कि फाइलों पर साइन नहीं हो पा रहे हैं और इस वजह से सरकारी कामकाज प्रभावित हो रहा है। इस पत्र पर विधानसभा में विपक्ष के नेता विजेन्द्र गुप्ता समेत सात अन्य विधायकों और एक पूर्व विधायक के साइन हैं।
संवैधानिक संकट: कोर्ट की प्रतिक्रिया
केजरीवाल की जमानत स्थिति
दिल्ली में वर्तमान संवैधानिक संकट की जड़ें इस बात में हैं कि केजरीवाल की जेल में होने के बावजूद वे मुख्यमंत्री पद पर बने हुए हैं। कोर्ट ने इस मुद्दे पर दखल देने से इनकार कर दिया है, और यह मामला अब कार्यपालिका द्वारा हल किया जाना है। भाजपा की ओर से राष्ट्रपति को भेजे गए पत्र और उपराज्यपाल की संभावित कार्रवाई इस स्थिति को प्रभावित कर सकती है।
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली की घनी आबादी वाले इलाकों में अवैध और कमजोर इमारतों का खतरा…
उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले में पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करने वाला…
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 से पहले बहुजन समाज पार्टी (BSP) में बड़ा संगठनात्मक बदलाव…
उत्तराखंड के नैनीताल जिले में पीलिया और डायरिया के बढ़ते मामलों ने लोगों की चिंता…
नेपाल के नुवाकोट जिले में राहत और बचाव अभियान के दौरान एक बेहद हैरान करने…
हिमाचल प्रदेश के मंडी में जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति यानी दिशा की बैठक…