उत्तर प्रदेश

Banke Bihari Corridor: बांके बिहारी कॉरिडोर का काम जोरों पर, कॉरिडोर के सर्वे का 30% काम हुआ पूरा, आपसी सहमति से ली जा रही है जमीन, जमीन का दिया जाएगा उचित मुआवजा

Banke Bihari Corridor: बांके बिहारी कॉरिडोर का काम जोरों पर

बांके बिहारी कॉरिडोर के लिए सर्वे चल रहा है। 5 दिन में 30% मकान, दुकानों को चिह्नित किया जा चुका है। सर्व कर रही टीम कुंज गलियों के मकान-दुकानों पर पहुंच रही हैं। और पूछ रही है कि, यहां कौन रहता है? असली मालिक कौन है? प्रॉपर्टी के दस्तावेज हैं नहीं? सर्वे पूरा होने के बाद टीम घर के बाहर JK लिखकर नंबरिंग कर रही है।

मथुरा-वृंदावन में सेवायतों के विरोध के बीच प्रशासन 2 तरह से काम कर रहा है। पहला- कुंज गलियों में 286 मकान-दुकान का सर्वे कर रहा है। दूसरा- 188 मकानों में रहने वाले परिवारों को रुक्मिणी विहार में नए फ्लैट देने की योजना पर काम तेजी से पूरा किया जा रहा है। ऐसा माना जा रहा है कि, इससे सेवायतों का विरोध काफी हद तक कम हो जाएगा।

अधिकारियों ने बताया- बांके बिहारी कॉरिडोर के दायरे में 286 मकान-दुकान आ रहे हैं, सभी लोगों के दस्तावेज देखे जा रहे हैं। किसी भी व्यक्ति को नुकसान नहीं होगा, सबको पूरा मुआवजा मिलेगा।
वहीं डीएम चंद्र प्रकाश सिंह ने कहा कि, जिन लोगों की दुकानें ध्वस्त हो रही हैं, उन्हें कॉरिडोर के अंदर ही दुकानें अलॉट की जाएंगी। सिर्फ इतना ही नहीं, मकान-दुकान देने के साथ ही हम मुआवजा भी देंगे। हमारी प्रायरिटी है कि जिन्हें हटाया जाए, उन्हें एक ही जगह पर बसाया भी जाए।

आपको बता दें कि, पहले डीएम चंद्रप्रकाश सिंह ने 3 टीम बनाई थीं। इसमें 27 अधिकारी और कर्मचारी थे। मगर सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट ने तय किया कि लोगों की जमीन, मकान आपसी समझौते से ली जाएगी। इसके बाद डीएम ने एडीएम (वित्त एवं राजस्व) डॉ. पंकज वर्मा के नेतृत्व में 29 सदस्यों की टीम बनाई। 11 अधिकारियों को मुख्य भूमिका में रखा गया है। इनकी मदद के लिए 18 अधिकारी-कर्मचारियों को राजस्व, नगर निगम, पीडब्ल्यूडी, एमवीडीए और ब्रज तीर्थ विकास परिषद से लिया गया है।

बांके बिहारी मंदिर कॉरिडोर बनाने के लिए 500 करोड़ रुपए खर्च होगा। यह खर्च भूमि अधिग्रहण के लिए किया जाएगा। बांके बिहारी मंदिर के खजाने में करीब 450 करोड़ रुपए हैं। इसी धनराशि से कॉरिडोर के लिए जमीन खरीदी जाएगी। इस जमीन को अधिगृहीत करने में जिनके मकान और दुकान आएंगे, उन्हें मुआवजा दिया जाएगा।

कॉरिडोर बनाने का फैसला साल 2022 में जन्माष्टमी पर बांके बिहारी मंदिर में मंगला आरती के दौरान भीड़ के चलते दम घुटने से 2 श्रद्धालुओं की मौत, 8 से ज्यादा श्रद्धालुओं के घायल होने के चलते लिया गया है।
बांके बिहारी मंदिर करीब 2000 वर्ग गज में बना हुआ है। यहां का अधिकांश हिस्सा प्रयोग में ही नहीं आ रहा। मंदिर के चबूतरे पर रेलिंग इस तरीके से लगाई गई हैं कि श्रद्धालु सीधे मंदिर के अंदर जाएं और गेट नंबर 1 से बाहर आएं। यहां करीब 60% हिस्सा खाली पड़ा हुआ है।

यही हाल मंदिर के अंदर का है, जहां रेलिंग और गुल्लक इस तरह से रखे हैं कि मंदिर की केवल 40 से 50% जगह ही श्रद्धालुओं के लिए प्रयोग में आ रही है। बाकी जगह में गोस्वामी के बैठने की जगह बनी है या फिर खाली पड़ी है।

Kirti Bhardwaj

Recent Posts

जयपुर में “सहकार से समृद्धि” पर पहली क्षेत्रीय कार्यशाला, सहकारी सुधारों को मिलेगी नई रफ्तार

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “सहकार से समृद्धि” विज़न को आगे बढ़ाने के लिए राष्ट्रीय सहकारी…

13 hours ago

राघव चड्ढा पर केजरीवाल की सामने आई पहली प्रतिक्रिया

राघव चड्ढा समेत 6 सांसदों के पार्टी छोड़ने से आम आदमी पार्टी को बड़ा सियासी…

17 hours ago

वक्त से पहले होगी बारिश, देश में समय से पहले मानसून देगा दस्तक ! IMD ने दी जानकारी

अप्रैल की शुरुआत से ही देश के कई राज्यों में गर्मी ने तेजी पकड़ ली…

18 hours ago

राघव चड्ढा ने छोड़ी AAP, दो तिहाई सांसदों के साथ BJP में होंगे शामिल

AAP में बड़ी फूट की खबर सामने आई है। 'आम आदमी पार्टी' के संस्थापक सदस्य…

18 hours ago

कंसाई नेरोलैक ने अपने पेंट को भारतीय इतिहास के सबसे कठिन टेस्ट से पार किया

मुंबई, महाराष्ट्र, भारत कुछ लोग सिर्फ दावे करते हैं और कुछ लोग दावे साबित करते…

18 hours ago

राजधानी देहरादून में निकाली गई ‘महिला जन आक्रोश रैली’, CM धामी भी हुए शामिल

देहरादून में आयोजित एक बड़े कार्यक्रम में महिलाओं की उल्लेखनीय भागीदारी देखने को मिली, जहां…

19 hours ago