21 साल की उम्र में ग्राम प्रधान बनी प्रियंका
कभी दूसरों के हर फैसले में बस चुपचाप शामिल रहने वाली लड़कियां अब खुद फैसले लेने लगी हैं. आज उनके अंदर इतनी काबिलियत है कि वो नेतृत्व करने की क्षमता रखती है. कुछ ऐसी ही कहानी है चमोली जिले के गैरसैंण ब्लॉक की रहने वाली प्रियंका नेगी की, जिन्होंने 21 साल की उम्र में ग्राम प्रधान बनकर न सिर्फ अपने गांव बल्कि पूरे जिले का नाम रोशन कर दिया है….
वो चमोली की सबसे कम उम्र की प्रधान बन गई हैं… ये जीत किसी आम चुनाव जीतने जैसी नहीं है, बल्कि, ये कहानी है आत्मविश्वास की, मेहनत की, और उस सोच की जो कहती है कि बदलाव उम्र नहीं, हौसला देखता है.
मात्र 21 वर्ष की उम्र में सारकोट की ग्राम प्रधान बन कर प्रियंका नेगी ने रिकॉर्ड बना दिया है। प्रियंका चमोली जिले में सबसे कम उम्र में ग्राम प्रधान निर्वाचित हुई हैं। पंचायत चुनाव की गुरुवार को हुई मतगणना में सबसे अधिक मतों से जीत कर प्रियंका नेगी सारकोट की प्रधान बनी हैं।
बता दें उत्तराखण्ड की ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण में विधानसभा भवन भरारीसैण के निकट और गैरसैंण ब्लॉक का सबसे बड़ा गांव सारकोट है। इस गांव को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री आदर्श गांव घोषित किया है। सारकोट की नव निर्वाचित ग्राम प्रधान प्रियंका नेगी राजनीतिक शास्त्र से स्नातक हैं।
प्रियंका के पिता राजेंद्र नेगी दो बार ग्राम सभा सारकोट के प्रधान रह चुके हैं। प्रियंका कहतीं हैं उन्हें राजनीतिक अनुभव और मार्गदर्शन पिता से प्राप्त हुआ है। गांव में सभी को साथ लेकर और मिल जुल कर एक साथ चलना पिता की सीख है। सारकोट गांव को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गोद लिया हुआ है, जिससे गांव के विकास के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी आ चुके हैं। और आदर्श गांव के बतौर हमेशा विकास कार्यों का फीड बैक लेते हैं। जिलाधिकारी डाक्टर संदीप तिवारी ने अपने अधीनस्थ विभिन्न विभागों के जरिये सारकोट में विकास योजनाएं संचालित की हैं।
सबसे खास बात ये है कि सारकोट वही गांव है जिसे उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गोद लिया हुआ है. ऐसे गांव से इतनी कम उम्र में प्रधान बनना बेहद सम्मान की बात है. अब जब इस गांव की बागडोर एक 21 साल की युवती के हाथ में आई है, तो उम्मीदें और ज़िम्मेदारियां दोनों ही दोगुनी हो गई हैं.
गांववालों का कहना है कि प्रियंका ने छोटी उम्र में जो भरोसा जीता है, वो हर किसी के बस की बात नहीं. अब सबकी नजर इस बात पर है कि प्रियंका किस तरह गांव में बदलाव लाती हैं खासकर जब गांव को मुख्यमंत्री का भी सीधा सहयोग मिल रहा हो.
प्रियंका की यह जीत उन सभी लड़कियों के लिए भी एक बड़ा संदेश है जो अब तक सिर्फ पर्दे के पीछे रहती आई हैं… कि अगर हिम्मत और सोच में दम हो, तो न उम्र मायने रखती है, न परंपराएं जरूरत है सिर्फ सोच बदलने की.
वही सीएम पुष्कर सिंह धामी ने भी प्रियंका की जीत पर उसे फोन कर बधाई दी और एक्स पर पोस्ट कर लिखा कि मुख्यमंत्री आदर्श ग्राम सारकोट, चमोली से 21 वर्षीय प्रियंका नेगी को ग्राम प्रधान चुने जाने पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं।
आपका इस पद पर निर्वाचित होना न केवल सशक्त लोकतंत्र को दर्शाता है, बल्कि मातृशक्ति की शक्ति और युवाओं की क्षमता का भी प्रतीक है। निश्चित तौर पर हम साथ मिलकर सारकोट गांव का सर्वांगीण विकास व प्रगति सुनिश्चित करेंगे और आदर्श ग्राम सारकोट की ही तर्ज पर राज्य के अन्य गावों का भी विकास किया जाएगा।
Sri Ganganagar Railway Track Blast: राजस्थान के श्रीगंगानगर जिले में पाकिस्तान सीमा के नजदीक अनूपगढ़-सूरतगढ़…
Tonk Panchayat Election 2026: राजस्थान के टोंक जिले में पंचायत चुनाव से पहले मिठाई के…
Arjun Ram Meghwal Viral Video: राजस्थान के बीकानेर से केंद्रीय कानून मंत्री अर्जुनराम मेघवाल का…
Pia Dandiya US Election 2026: राजस्थान के जयपुर से पारिवारिक रिश्ता रखने वाली भारतीय मूल…
Karauli News: राजस्थान के करौली जिले में एक प्रेम विवाह ने पंचायत चुनाव की पूरी…
रायपुर: राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) रायपुर का 17वां दीक्षांत समारोह मंगलवार को पंडित दीनदयाल उपाध्याय…