आईपीएल 2024 के 18वें मैच में सनराइजर्स हैदराबाद ने चेन्नई सुपर किंग्स को छह विकेट से हरा दिया। इस मुकाबले में रवींद्र जडेजा ने चेन्नई के लिए उपयोगी बल्लेबाजी करते हुए चार चौके की मदद से नाबाद 31 रन बनाए।
हालांकि, मैच के दौरान एक ऐसा भी समय आया जब जडेजा ‘ऑब्सट्रक्टिंग द फील्ड’ के कारण आउट हो सकते थे। यह घटना सीएसके की पारी के 19वें ओवर में हुई।
भुवनेश्वर कुमार ने ओवर की चौथी गेंद जडेजा को यॉर्कर फेंकी, जिसे जडेजा ने आगे की ओर खेला। भुवनेश्वर ने देखा कि जडेजा क्रीज से बाहर हैं, इसलिए उन्होंने स्ट्राइकर एंड पर थ्रो किया। इसी बीच, जडेजा थ्रो के रास्ते में आ गए। विकेटकीपर निकोलस क्लासेन ने बताया कि जडेजा थ्रो की लाइन में आ गए थे, लेकिन चेन्नई सुपर किंग्स के कप्तान पैट कमिंस ने कोई अपील नहीं की।
अगर कमिंस अपील करते तो जडेजा को ‘ऑब्सट्रक्टिंग द फील्ड’ के कारण आउट दिया जा सकता था। यदि जडेजा गेंद की लाइन में नहीं आते तो गेंद विकेट्स पर लग सकती थी।
ICC के नियम 37.1 के अनुसार, एक बल्लेबाज को फील्डिंग में बाधा पहुंचाने के लिए आउट दिया जा सकता है। अंपायर को यदि लगता है कि बल्लेबाज जानबूझकर फील्डिंग में बाधा पहुंचा रहा है, तो वह उसे आउट दे सकता है।
इस मामले में, जडेजा के आउट होने पर अंपायरों ने कोई फैसला नहीं दिया। यह कहना मुश्किल है कि जडेजा जानबूझकर गेंद के रास्ते में आए थे या नहीं।
यह घटना मैच का एक महत्वपूर्ण मोड़ हो सकती थी, क्योंकि जडेजा उस समय अच्छी बल्लेबाजी कर रहे थे।
क्या आपको लगता है कि जडेजा को ‘ऑब्सट्रक्टिंग द फील्ड’ के कारण आउट दिया जाना चाहिए था?
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