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धांसू कास्ट, बड़ा बजट, फिर भी फ्लॉप हुई 90 करोड़ की फिल्म, एक्टर को आज तक है मलाल !

बॉलीवुड की दुनिया में फिल्मों के हिट और फ्लॉप होने का सिलसिला कभी नहीं थमता। कभी बड़े बजट वाली फिल्में मचाती हैं धमाल, तो कभी शानदार कलाकारों और डायरेक्टर्स के बावजूद फिल्म फ्लॉप हो जाती है। एक ऐसी फिल्म जिसने बॉलीवुड को चौंका दिया, वो थी ‘बॉम्बे वेलवेट’। इस फिल्म को बनाने में न केवल नौ साल लगे, बल्कि इसका बजट भी काफी बड़ा था, करीब 90 करोड़ रुपये। इसके बावजूद फिल्म बॉक्स ऑफिस पर बुरी तरह फ्लॉप साबित हुई। आइए जानते हैं इस फिल्म के बारे में विस्तार से।

बॉम्बे वेलवेट की उम्मीदें और हकीकत

‘बॉम्बे वेलवेट’ 2015 में रिलीज हुई थी, और इसे लेकर शुरुआती दिनों में जबरदस्त हाइप थी। ये एक गैंगस्टर ड्रामा थी, जिसमें रणबीर कपूर और अनुष्का शर्मा लीड रोल में थे। इसके साथ ही फिल्म निर्माता करण जौहर भी एक अहम भूमिका में थे। फिल्म का निर्देशन मशहूर डायरेक्टर अनुराग कश्यप ने किया था, जो आमतौर पर गहरे और इंटेंस सिनेमा के लिए जाने जाते हैं। लेकिन इस फिल्म में उनका ये एक्सपेरिमेंट ज्यादा सफल नहीं हो सका।

फिल्म का बजट करीब 90 करोड़ रुपये था, और इसे बड़े पैमाने पर एक ब्लॉकबस्टर बनने की उम्मीद थी। 1940 के दशक की मुंबई पर आधारित इस फिल्म में गैंगस्टर की दुनिया और उसकी क्रूरताओं को दर्शाया गया था। इस फिल्म की स्क्रिप्ट की शुरुआत सैफ अली खान के लिए लिखी गई थी, लेकिन बाद में ये रोल कई अन्य कलाकारों के पास गया। फिल्म की कास्ट में रणबीर कपूर और अनुष्का शर्मा के अलावा करण जौहर का भी एक महत्वपूर्ण किरदार था, जो फिल्म के लिए एक नया पहलू था।

क्यों फ्लॉप हुई बॉम्बे वेलवेट ?

‘बॉम्बे वेलवेट’ का दर्शकों से काफी अच्छा रिस्पॉन्स मिलने की उम्मीद थी, लेकिन रिलीज के बाद ये पूरी तरह से फ्लॉप साबित हुई। इसके फ्लॉप होने के कुछ मुख्य कारण थे:

  1. अलग और एक्सपेरिमेंटल स्टाइल: अनुराग कश्यप आमतौर पर अपनी फिल्मों में गहरे और वास्तविक मुद्दों पर काम करते हैं, लेकिन इस फिल्म में उन्होंने एक मसाला ड्रामा बनाने की कोशिश की। फिल्म में आधुनिक बॉलीवुड के मसाले की कमी थी, जो इसे आम दर्शकों के लिए आकर्षक बनाता।
  2. स्क्रिप्ट और डायरेक्शन: फिल्म की स्क्रिप्ट और डायरेक्शन पर काफी सवाल उठाए गए। फिल्म के कथानक में वह गहराई और रोमांच नहीं था, जो दर्शक एक गैंगस्टर ड्रामा से उम्मीद करते हैं। कश्यप की फिल्म की स्टाइल काफी धीमी और सोच-समझ कर चलने वाली थी, जो कि वाणिज्यिक दर्शकों को आकर्षित नहीं कर सकी।
  3. कास्ट और स्क्रीन प्रेजेंस: रणबीर कपूर और अनुष्का शर्मा जैसे बड़े सितारे फिल्म का हिस्सा थे, लेकिन उनका स्क्रीन प्रेजेंस और अभिनय भी फिल्म के प्रभाव को नहीं बढ़ा सके। इसके साथ ही करण जौहर का किरदार भी कमजोर साबित हुआ, और वो दर्शकों के दिल में अपनी जगह बनाने में असफल रहे।
  4. फिल्म का टोन: ‘बॉम्बे वेलवेट’ का टोन और मूड दर्शकों को समझ में नहीं आया। फिल्म की अंधेरी और गहरी दुनिया को समझने में दर्शकों को दिक्कत हुई, जो कि इस फिल्म की एक और कमजोरी थी।
  5. बॉक्स ऑफिस पर खराब प्रदर्शन: फिल्म को बड़े बजट और स्टार कास्ट के साथ एक ब्लॉकबस्टर की उम्मीद थी, लेकिन बॉक्स ऑफिस पर यह मात्र 20 करोड़ रुपये ही कमा पाई। इसे फ्लॉप फिल्म मान लिया गया, और दर्शकों की उम्मीदों के मुताबिक फिल्म का प्रदर्शन नहीं रहा।

करण जौहर का अफसोस

करण जौहर ने इस फिल्म में अपनी भूमिका के लिए काफी मेहनत की थी, लेकिन बॉक्स ऑफिस पर फिल्म के फ्लॉप होने के बाद उन्होंने इस फैसले पर अफसोस जताया था। उन्होंने एक इंटरव्यू में कहा था कि ‘बॉम्बे वेलवेट’ के बाद मुझे किसी ने भी कोई फिल्म ऑफर नहीं की। ये उनके करियर की एक बड़ी शुरुआत थी, जो पूरी तरह से असफल रही।

‘बॉम्बे वेलवेट’ ये साबित करती है कि बॉलीवुड में कोई भी फिल्म बड़ी स्टार कास्ट, बड़ा बजट और प्रतिष्ठित फिल्ममेकर के साथ हिट नहीं हो सकती। ये फिल्म दर्शाती है कि बॉक्स ऑफिस पर सफलता पाने के लिए केवल अच्छे अभिनेता और निर्माता ही पर्याप्त नहीं होते, बल्कि एक मजबूत स्क्रिप्ट, सही दिशा और सही फिल्म निर्माण की जरूरत होती है।

बॉलीवुड में हिट और फ्लॉप की दुनिया हमेशा ही अनिश्चित रहती है। किसी फिल्म को लेकर शुरुआती उम्मीदें कुछ होती हैं, लेकिन रिजल्ट कुछ और ही निकलते हैं। ‘बॉम्बे वेलवेट’ जैसी फिल्में इस सच्चाई को साबित करती हैं कि फिल्म की सफलता का कोई निश्चित फार्मूला नहीं होता।

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