फरीदाबाद: आतंकी मॉड्यूल में हुआ बड़ा खुलासाफरीदाबाद: आतंकी मॉड्यूल में हुआ बड़ा खुलासा

फरीदाबाद: आतंकी मॉड्यूल में हुआ बड़ा खुलासा

 

हरियाणा के फरीदाबाद में पकड़े गए आतंकी मॉड्यूल ने पुलिस-प्रशासन की चिंता और बढ़ा दी है। जांच में सामने आया है कि, मॉड्यूल में शामिल युवक अमोनियम नाइट्रेट जैसे केमिकल बड़ी मात्रा में जमा कर रहे थे

ये सामग्री फरीदाबाद, नूंह और आसपास के इलाकों की दुकानों से खरीदी गई थी। इसी के बाद हरियाणा और जम्मू-कश्मीर पुलिस ने मिलकर एक बड़े ऑपरेशन की शुरुआत की है।

जांच एजेंसियों को शक है कि, इन केमिकल्स का इस्तेमाल विस्फोटक तैयार करने के लिए किया जा रहा था। इसीलिए पुलिस खाद की दुकानों, केमिकल गोदामों, हार्डवेयर शॉप और कारखानों की सप्लाई चेन की जांच कर रही है

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अधिकारियों के अनुसार, किस दुकान पर कितना माल आया, कितना बेचा गया, स्टॉक रजिस्टर में क्या एंट्री की गई, इन सभी बातों की बारीकी से पड़ताल हो रही है। साथ ही केमिकल खरीदने वालों की पहचान भी खंगाली जा रही है।

साथ ही डबुआ इलाके की त्यागी मार्केट स्थित जामा मस्जिद से शुक्रवार को मिले सफेद और काले दानेदार पाउडर ने जांच एजेंसियों को और सतर्क कर दिया है। ये सामग्री तीन अलग-अलग बैगों में मिली। पुलिस ने पूरा सामान कब्जे में लेकर फॉरेंसिक लैब भेज दिया है।

डबुआ थाना प्रभारी रणधीर सिंह ने बताया कि, सुबह 5 बजे से टीमों ने गली-गली तलाशी अभियान चलाया और इसी दौरान मस्जिद के स्टोर रूम से संदिग्ध पाउडर मिला।

मामले में सबसे बड़ा मोड़ तब आया जब अल-फलाह यूनिवर्सिटी के तीन डॉक्टर डॉ. शाहीन सईद, डॉ. मुजम्मिल शकील, डॉ. उमर नबी का नाम आतंकी मॉड्यूल से जुड़ता दिखाई दिया।

इसके अलावा पुलिस ने यूनिवर्सिटी पर निगरानी बढ़ा दी है। अब सभी डॉक्टरों और प्रोफेसरों का डेटा खंगाला जा रहा है। उनके लॉकर, दस्तावेज़, बैंक स्टेटमेंट और कैंपस में उनकी गतिविधियां जांच के दायरे में आ गई हैं।

सूत्रों के मुताबिक, पुलिस ये देखना चाहती है कि, कहीं यूनिवर्सिटी का कोई अन्य कर्मचारी या छात्र किसी प्रकार की संदेहास्पद गतिविधि में शामिल तो नहीं। डॉ. मुजम्मिल को किराए पर कमरा देने वाले इमाम मोहम्मद इश्तियाक के साथ-साथ धौज गांव के बशिद और शोएब तथा पलवल के शब्बीर से पुलिस पूछताछ कर रही है।

संदेह है कि, इन लोगों का संपर्क न केवल मुजम्मिल बल्कि दिल्ली ब्लास्ट में मारे गए उमर नबी से भी था।

साथ ही, डॉ. उमर नबी की कार चलाने वाले कुछ छात्र और उसके करीबी संपर्कों को हिरासत में लेकर पूछताछ जारी है। फरीदाबाद पुलिस ने हाई अलर्ट के बाद शहर के लगभग सभी संवेदनशील इलाकों में कांबिंग ऑपरेशन शुरू किया है।

जांच डबुआ, बीपीटीपी, खेड़ी पुल, आदर्श नगर, एसजीएम नगर, धौज, पल्ला, सराय ख्वाजा, बल्लभगढ़ और सूरजकुंड तक फैली हुई है।

धार्मिक स्थलों, होटलों, धर्मशालाओं, किराए के मकानों, पुरानी कारों की खरीद-फरोख्त करने वालों और सिम कार्ड बेचने वालों पर भी पुलिस की नजर है। मकान मालिकों को किराएदारों की अनिवार्य वेरिफिकेशन के लिए निर्देश दिए गए हैं।

अल-फलाह यूनिवर्सिटी पर बढ़ती जांच ने यहां पढ़ रहे छात्रों के माता-पिता की चिंता बढ़ा दी है।शनिवार को कई राज्यों से आए पैरेंट्स ने यूनिवर्सिटी प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर कहा कि,“हमें डर है कि लगातार कार्रवाई से बच्चों की डिग्री प्रभावित न हो जाए।सरकार को हमारे बच्चों के भविष्य का ध्यान रखना चाहिए।”

यूनिवर्सिटी प्रशासन ने पैरेंट्स को भरोसा दिलाया है कि, पढ़ाई और डिग्री की मान्यता पर कोई खतरा नहीं है, लेकिन जांच पूरी होने तक माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है।