Big statement by Baba Bageshwar: बाबा बागेश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का बड़ा बयानBig statement by Baba Bageshwar: बाबा बागेश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का बड़ा बयान

Big statement by Baba Bageshwar: बाबा बागेश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का बड़ा बयान

दिल्ली ब्लास्ट की घटना के बाद बागेश्वर धाम के प्रमुख पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का बयान एक बार फिर चर्चा में है। उन्होंने कहा है कि अगर हिंदू समाज एकजुट हो जाए, तो देश में ऐसी आतंकी घटनाओं की पुनरावृत्ति नहीं होगी। दिल्ली में हुए कार ब्लास्ट को लेकर उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर आतंकवाद की घटनाओं में हमेशा एक ही कौम के लोगों का नाम क्यों सामने आता है?

धीरेंद्र शास्त्री ने कहा, “जब तक हिंदू एक नहीं होंगे, तब तक ऐसे धमाके होते रहेंगे। अभी आठ लोग मरे हैं, लेकिन अगर हिंदू समाज ने समय रहते एकता नहीं दिखाई, तो भविष्य में 80 हजार हिंदू भी मारे जा सकते हैं। यह वक्त चेत जाने का है।” उन्होंने कहा कि कई शहरों को दहलाने की साजिश थी, लेकिन हमें ऐसी ताकतों के खिलाफ एक साथ खड़ा होना होगा।

उन्होंने कहा कि दंगा या हिंसा फैलाने वाले लोग घरों से बाहर न निकलें, इसके लिए हिंदुओं में इतनी एकता होनी चाहिए कि कोई भी असामाजिक तत्व हिंसा करने की हिम्मत न कर सके। उनके अनुसार, “विदेशी ताकतें हमें डराने के लिए इन घटनाओं को अंजाम दे रही हैं। हमें भारतीय के रूप में एक होकर इनका जवाब देना होगा।”

धीरेंद्र शास्त्री इन दिनों ‘सनातन एकता पदयात्रा’ पर हैं, जो उत्तर भारत के कई शहरों से गुजर रही है। 12 नवंबर को इस यात्रा का छठा दिन था। यात्रा हरियाणा के पलवल जिले के तुमसरा गांव से शुरू हुई थी और आज लगभग 16 किलोमीटर का सफर तय करेगी। इस यात्रा का उद्देश्य, शास्त्री के अनुसार, “हिंदू समाज में एकता, धर्म और संस्कारों का प्रसार करना” है।

दिल्ली ब्लास्ट की खबर सामने आने के बाद शास्त्री ने पदयात्रा के दौरान बजने वाले गीत-संगीत को तत्काल बंद करा दिया और सभी से मौन और संयम बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा, “यह समय शोक का है, मनोरंजन का नहीं। जब हमारे ही देश में निर्दोष लोग मारे जा रहे हों, तब हमारी पहली जिम्मेदारी है कि हम अपनी एकता दिखाएं।”

पदयात्रा में प्रतिदिन लगभग 20 से 25 हजार लोग शामिल हो रहे हैं। धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री को देखने के लिए भक्त बड़ी संख्या में सड़कों पर उमड़ते हैं। कई जगहों पर युवा पेड़ों और क्रेनों पर चढ़कर उनका दर्शन करने की कोशिश करते दिखे। शास्त्री यात्रा के दौरान सादगी और सहजता का परिचय देते हुए जमीन पर बैठकर भक्तों के साथ भोजन करते हैं। कई बार वे ढोल बजाकर और भजन गाकर भक्तों के साथ संवाद भी करते हैं।

वही भक्तों का उत्साह देखकर शास्त्री ने कहा, “यह केवल यात्रा नहीं, बल्कि सनातन संस्कृति का पुनर्जागरण है। हमें याद रखना होगा कि जब धर्म की रक्षा के लिए एकजुटता दिखाई जाती है, तब ही देश सुरक्षित रहता है।”

दिल्ली ब्लास्ट की घटना के बाद धीरेंद्र शास्त्री की सुरक्षा व्यवस्था भी बढ़ा दी गई है। स्थानीय प्रशासन ने यात्रा मार्ग पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया है। पुलिस कर्मी उनके आगे रस्सी का घेरा बनाकर चल रहे हैं, ताकि भीड़ के बीच सुरक्षा चक्र बना रहे।

शास्त्री ने यात्रा के दौरान लोगों से अपील की कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और शांति बनाए रखें। उन्होंने कहा, “हमारा धर्म शांति और प्रेम सिखाता है। लेकिन जब देश पर हमला होता है, तो हम सबका कर्तव्य है कि राष्ट्र और धर्म की रक्षा के लिए संगठित रहें। हिंदू एकता केवल धार्मिक नहीं, बल्कि राष्ट्रीय एकता का प्रतीक होनी चाहिए।”

“हमें किसी धर्म, मजहब या जाति से बैर नहीं, लेकिन हमें यह समझना होगा कि राष्ट्र से बड़ा कोई नहीं। अगर भारत को तोड़ने की कोशिश होगी, तो हम सब मिलकर उसका मुकाबला करेंगे।”

धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने अपने संबोधन में यह भी कहा कि उनकी यह पदयात्रा किसी राजनीतिक उद्देश्य से प्रेरित नहीं है, बल्कि इसका मकसद लोगों में सनातन के प्रति विश्वास और आत्मबल जगाना है। उन्होंने कहा, “जब सनातन कमजोर होता है, तब राष्ट्र कमजोर होता है। जब धर्म की शक्ति जागृत होती है, तब देश सुरक्षित रहता है। यही संदेश लेकर हम वृंदावन तक जा रहे हैं।”

‘सनातन एकता पदयात्रा’ 16 नवंबर को वृंदावन पहुंचेगी, जहां इसका समापन एक विशाल सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ और भंडारे के साथ होगा।