बाड़मेर जिले की जिला कलेक्टर IAS टीना डाबी को लेकर की रील स्टार वाली टिप्पणी के बाद नया बवाल खड़ा हो गया है। बता दें कि, मुल्तानमल भीखचंद छाजेड़ महिला कॉलेज के बाहर फीस बढ़ोतरी के विरोध में चल रहे प्रदर्शन के दौरान एबीवीपी के दो छात्र नेताओं को कोतवाली पुलिस ने हिरासत में ले लिया। वहीं, इसके बाद महिला कॉलेज की छात्राएं कोतवाली थाने पहुंच गईं और वहीं धरना शुरू कर दिया।
छात्राओं का आरोप है कि छात्र नेताओं को फीस बढ़ोतरी के विरोध में नहीं, बल्कि टीना डाबी को ‘रील स्टार’ कहे जाने के कारण गिरफ्तार किया गया। दूसरी तरफ जिला प्रशासन ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि यह कार्रवाई कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए की गई थी।
मिली जानकारी के अनुसार, महिला कॉलेज की छात्राएं फीस बढ़ोतरी को लेकर कॉलेज के बाहर प्रदर्शन कर रही थीं। प्रदर्शन में एबीवीपी के छात्र नेता भी शामिल थे और इस दौरान नारेबाजी के बीच जिला कलेक्टर टीना डाबी को लेकर रील स्टार शब्द का प्रयोग किया गया। प्रदर्शन के कुछ समय बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दो छात्र नेताओं को हिरासत में ले लिया। गिरफ्तारी की जानकारी मिलते ही कॉलेज की छात्राओं में आक्रोश फैल गया।
थाने में छात्राओं का धरना
पुलिस द्वारा छात्र नेताओं को थाने ले जाने के बाद बड़ी संख्या में छात्राएं कोतवाली थाने पहुंचीं और परिसर में ही धरने पर बैठ गईंय़ छात्राओं ने आरोप लगाया कि टिप्पणी को गलत तरीके से पेश कर कार्रवाई की गई। छात्राओं ने प्रशासन के विकास दावों को लेकर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि जिला प्रशासन ‘नवों बाड़मेर’ की बात करता है, लेकिन कॉलेज के आसपास की स्थिति अलग है। छात्रा ने कहा कि कॉलेज की मुख्य सड़क पर कचरा पड़ा रहता है और इस ओर ध्यान दिलाने के लिए ही यह बात कही गई थी।
जैसे ही धरना खत्म वैसे ही हो गई पुलिस कार्रवाई
छात्राओं ने पुलिस की कार्रवाई के समय पर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि जब कॉलेज के बाहर धरना चल रहा था, तब कोई गिरफ्तारी नहीं की गई। जैसे ही प्रदर्शन समाप्त हुआ, छात्र नेताओं को हिरासत में ले लिया गया। छात्राओं ने साफ कहा कि जब तक छात्र नेताओं को रिहा नहीं किया जाता, तब तक धरना जारी रहेगा।
