organizing sand competition: गुरू गोरखनाथ घाट पर हुआ रेत प्रतियोगिता का आयोजन
गोरखपुर के राजघाट स्थित राप्ती नदी के किनारे राज्य स्तरीय रेत कला आकृति प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। ये आयोजन उत्तर प्रदेश राज्य ललित कला अकादमी और सुभसा स्कल्पटर्स फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया गया।
आपको बता दें कि राज्य ललित कला अकादमी उत्तर प्रदेश एवं सुभसा स्कल्पटर्स फाउंडेशन गोरखपुर के संयुक्त तत्वावधान में”सम-सामयिकी आकृति की खोज-निर्मल राप्ती” विषयक शिल्पयान गोरखपुर-2025 प्रतियोगिता का आयोजन राप्ती नदी तट स्थित गुरु गोरखनाथ घाट पर किया गया।
वही इस प्रतियोगिता के आयोजक भास्कर विश्वकर्मा ने कहा कि प्रतिभाग करने वाले प्रतिभागियों के बेहतर प्रदर्शन को लेकर उन्हें सम्मानित भी किया जाएगा।
वही तस्वीरों में आप देख सकते है कि खुले आसमान के नीचे, रेत पर हाथों से सजीव होती आकृतियां प्रतिभागियों की रचनात्मकता और उनके गहरे संदेशों की गवाह बन रही है। बच्चों ने अपनी कल्पनाओं को रेत पर उतारा, जिसमें धर्म, संस्कृति, और समाज के प्रति उनकी जागरूकता स्पष्ट दिखी।
इस दौरान आयोजकों ने बताया कि ये 16वीं राज्य स्तरीय प्रतियोगिता है और राज्य ललित कला अकादमी उत्तर प्रदेश एवं सुभसा स्कल्पटर्स फाउंडेशन के संयुक्त तत्वाधान में इस प्रतियोगिता का आयोजन किया गया है और पूरे प्रदेश से प्रतिभागी इस प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए पहुंचे है।
वही जब रेत प्रतियोगिता में आए प्रतिभागियों से बातचीत की गई तो उन्होंने बताया कि हमारी रेत प्रदर्शनी की थीम अनेकता में एकता पर आधारित है और हमारा भारत देश भी इसलिए ही प्रसिद्ध है…
इस प्रतियोगिता का उद्देश्य युवाओं को एक और अन्य कला से रूबरू करवाना है..और समाज को भी इस प्रतियोगिता के जरिए नई चेतना देने का कार्य किया जाता है।

