उत्तर भारत में अब ठंड बिल्कुल ही खत्म हो गई है। दिल्ली-एनसीआर में फरवरी के मध्य में ही तापमान 30-31 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया है। 16 फरवरी इस साल का सबसे गर्म दिन रिकॉर्ड किया गया। बीते 5 सालों में फरवरी का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। तापमान सामान्य से 7.2 डिग्री सेल्सियस ज्यादा है।
बता दें कि, अभी भी बीच लोगों को सुबह-शाम हल्की सर्दी का एहसास हो रहा था लेकिन अब सुबह-शाम भी गर्मी महसूस होने लगी। ज्यादातर जगहों पर गर्मी समय से पहले आ गई है।
डाउन टू अर्थ की रिपोर्ट के अनुसार, फरवरी के पहले 15 दिनों में देश के 36 बड़े शहरों में से 27 शहरों में दिन का तापमान सामान्य से ज्यादा रहा। जबकि, फरवरी के बाकी दिनों में तापमान 2-4°C सामान्य से ज्यादा रह सकता है। मार्च से गर्मी और तेज होगी।
वहीं, 2026 पूरे साल 2025 से ज्यादा गर्म हो सकता है। बसंत ऋतु (Spring) लगभग गायब हो रही है और सर्दी अब सीधे गर्मी में बदल रही है। गर्मी की लहरें पहले शुरू होंगी, ज्यादा तेज होंगी और लंबे समय तक रहेंगी। पिछले सालों के ट्रेंड से पता चलता है कि अब गर्मी अप्रैल से पहले शुरू हो जाती है और जून तक चलती रहती है।
मौसम पैटर्न में ये बदलाव इसलिए हो रहा है क्योंकि, ठंडी हवाओं (Western Disturbances) की कमी, साफ आसमान और सूखी पछुआ हवाएं इसका कारण है। सूरज की किरणें सीधे जमीन को गर्म कर रही हैं । वहीं, कम बारिश और बर्फबारी – पहाड़ों पर कम बर्फ पिघलने से ठंडी हवा नहीं आ रही।
