Uncategorized

‘BJP अकेले दम पर…’ महाराष्ट्र चुनाव को लेकर देवेंद्र फडणवीस का दावा

महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव 2024 के लिए राजनीतिक गतिविधियां तेजी से बढ़ रही हैं, और सभी पार्टियां मतदाताओं को आकर्षित करने के लिए हर संभव प्रयास कर रही हैं। इस बीच, महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और भाजपा के वरिष्ठ नेता देवेंद्र फडणवीस ने एक दिलचस्प बयान दिया है, जिसमें उन्होंने कहा कि भाजपा अकेले सत्ता में नहीं आ पाएगी, लेकिन चुनाव के बाद वह सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरेगी।

फडणवीस ने एक समाचार चैनल के कार्यक्रम में कहा कि महाराष्ट्र की राजनीतिक स्थिति को समझने के लिए हमें व्यावहारिक होना चाहिए। उन्होंने इस बात पर भी प्रकाश डाला कि कुछ भाजपा नेताओं को टिकट न मिलने के कारण नाराजगी हो सकती है, और ऐसे बागियों की संभावना को भी नकारा नहीं किया। उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा कि वर्तमान में राजनीतिक परिदृश्य कुछ ऐसा है जैसे कई फिल्में बन रही हों, और हर अभिनेता को मुख्य भूमिका मिल रही हो। यह उनकी रणनीतिक सोच को दर्शाता है, जहां वे अपनी पार्टी के भीतर की असंतोष को भी एक हलके-फुल्के अंदाज में पेश कर रहे हैं।

भाजपा ने अब तक 288 विधानसभा सीटों में से 121 उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है। फडणवीस का कहना है कि भाजपा का गठबंधन शिवसेना-यूबीटी, एनसीपी और रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया के साथ मिलकर सरकार बनाने की संभावना है। यह एक महत्वपूर्ण संकेत है कि भाजपा अन्य पार्टियों के साथ मिलकर चुनाव में उतरने के लिए तैयार है, जिससे यह दिखता है कि वे बहुमत से दूर रहने के बावजूद एक मजबूत स्थिति में हैं।

जब उनसे लोकसभा चुनावों के प्रभाव के बारे में पूछा गया, तो फडणवीस ने कहा कि महायुति ने राज्य की 48 लोकसभा सीटों में से केवल 17 सीटें जीती थीं, लेकिन इसका विधानसभा चुनाव पर कोई असर नहीं होगा। उन्होंने उदाहरण दिया कि धुले लोकसभा क्षेत्र में उनके उम्मीदवार कई विधानसभा क्षेत्रों में आगे थे, लेकिन मालेगांव-मध्य क्षेत्र में मतदान के कारण उन्हें हार का सामना करना पड़ा। फडणवीस का विश्वास है कि विधानसभा चुनाव में उनकी पार्टी निश्चित रूप से जीत हासिल करेगी।

महाराष्ट्र में 20 नवंबर को वोटिंग होनी है, और परिणाम 23 नवंबर को घोषित किए जाएंगे। पिछले विधानसभा चुनाव में भाजपा ने 105 सीटें जीती थीं, जब वह शिवसेना (अविभाजित) के साथ चुनाव लड़ी थी, जिसमें शिवसेना ने 56 सीटों पर विजय प्राप्त की थी। इस बार भाजपा की रणनीति स्पष्ट है—वह अपने सहयोगियों के साथ मिलकर चुनावी रणभूमि में उतरने की योजना बना रही है, ताकि वे अधिकतम सीटें जीत सकें।

बता दें कि, इस बार के चुनाव में भाजपा का लक्ष्य केवल अपनी सीटें बढ़ाना नहीं है, बल्कि अपने राजनीतिक गठबंधन को मजबूत बनाना भी है। फडणवीस का यह दावा कि भाजपा चुनाव के बाद सबसे बड़ी पार्टी बनेगी, पार्टी के आत्मविश्वास को दर्शाता है, जो निश्चित रूप से मतदाताओं के बीच उनके प्रति सकारात्मक छवि बनाने में मदद करेगा। ऐसे में देखना यह है कि क्या भाजपा अपने दावों को हकीकत में बदल पाएगी या नहीं।

admin

Recent Posts

दिल्ली में क्यों नहीं रुक रहे बिल्डिंग हादसे? नियमों के बावजूद खड़ी हैं हादसों को दवात देती इमारतें

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली की घनी आबादी वाले इलाकों में अवैध और कमजोर इमारतों का खतरा…

2 hours ago

शाहजहांपुर: पुलिसवाले ही बन गए किडनैपर, सर्राफा व्यापारी से की रंगदारी

उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले में पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करने वाला…

3 hours ago

मायावती का नया सियासी दांव! आकाश आनंद के बाद ईशान आनंद को बड़ी जिम्मेदारी

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 से पहले बहुजन समाज पार्टी (BSP) में बड़ा संगठनात्मक बदलाव…

4 hours ago

उत्तराखंड के इन गांवों में पीलिया और डायरिया का कहर, 100 से ज्यादा बीमार, 2 की मौत

उत्तराखंड के नैनीताल जिले में पीलिया और डायरिया के बढ़ते मामलों ने लोगों की चिंता…

4 hours ago

11 दिन बाद मलबे से जिंदा निकली महिला, नेपाल में चमत्कारिक रेस्क्यू

नेपाल के नुवाकोट जिले में राहत और बचाव अभियान के दौरान एक बेहद हैरान करने…

2 days ago

मंडी में अधिकारियों पर भड़कीं कंगना रनौत, बोलीं- अब काम दिखना चाहिए

हिमाचल प्रदेश के मंडी में जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति यानी दिशा की बैठक…

2 days ago