दिल्ली में कांग्रेस की ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ रैलीदिल्ली में कांग्रेस की ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ रैली

दिल्ली में कांग्रेस की ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ रैली

 

दिल्ली के रामलीला मैदान में रविवार को कांग्रेस ने अपनी ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ रैली आयोजित की। रैली की शुरुआत पार्टी महासचिव और वायनाड सांसद प्रियंका गांधी ने ‘वोट छोड़, गद्दी छोड़’ के नारे लगवाकर की। प्रियंका गांधी ने कहा कि, जीवन में वोट की अहमियत को समझना हर नागरिक की जिम्मेदारी है

प्रियंका गांधी ने कहा कि, आज देश की न्यायपालिका पर दबाव है और मीडिया बड़े उद्योगपतियों अंबानी-अडानी के प्रभाव में है। उन्होंने आरोप लगाया कि, कांग्रेस नेताओं को बिना वजह जेल में डाला गया और जो लोग पार्टी में शामिल हुए, उन्हें ‘वॉशिंग मशीन’ की तरह साफ कर दिया गया।

साथ ही रैली में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने PM मोदी के खिलाफ जोरदार नारे लगाए। ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ और ‘मोदी, तेरी कब्र खुदेगी’ जैसे नारे लगाए गए। साथ ही मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ बैनर भी लहराए गए, जिसमें लिखा था कि, ‘देश की जनता की अदालत का सबसे बड़ा गुनहगार कैदी नंबर 420 ज्ञानेश कुमार’

बीजेपी ने इसके जवाब में पोस्टर जारी कर कहा कि, कांग्रेस ‘घुसपैठियों की सेवा’ में लगी है, जबकि पार्टी देश की जनता की सेवा कर रही है। BJP प्रवक्ता अमित मालवीय ने कहा कि, राहुल गांधी बिना सबूत चुनाव नतीजों पर सवाल उठाते हैं, जबकि जीतने पर वही प्रक्रिया मान लेते हैं।

वहीं कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल ने बताया कि, ‘वोट चोरी’ के खिलाफ लगभग 55 लाख हस्ताक्षर जुटाए गए हैं। उन्होंने कहा कि, रैली के बाद राष्ट्रपति को ज्ञापन सौंपने की तैयारी है। प्रियंका ने बिहार, यूपी और अन्य राज्यों में कथित वोट कटाई का हवाला देते हुए कहा कि, चुनाव आयोग बिना हस्तक्षेप के सही ढंग से काम नहीं कर रहा।

वहीं तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंथ रेड्डी ने कहा कि, SIR के बहाने मोदी सरकार दलित और माइनॉरिटी वोटरों को प्रभावित कर रही है। उन्होंने कहा कि, राहुल गांधी और कांग्रेस इन समुदायों के पक्ष में खड़े हैं।

वहीं कांग्रेस महासचिव सचिन पायलट ने कहा कि, सरकार ने संस्थाओं पर कब्जा कर रखा है और सत्ता के बल पर चुनाव जीतने का प्रयास कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि, राहुल गांधी ने सबूतों के साथ चुनाव में गड़बड़ी की बात उठाई, लेकिन सरकार कोई कार्रवाई नहीं कर रही।

गौरव गोगोई ने रैली में कहा कि, चुनाव आयोग बीजेपी की कठपुतली बन गया है। उन्होंने चेतावनी दी कि, कांग्रेस कार्यकर्ता लोकतंत्र और जनता की आवाज़ को बचाने के लिए लड़ाई जारी रखेंगे। भुपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि, पूरे देश में कांग्रेस आंदोलन चलाएगी और जनता को बताएगी कि यह सरकार वोट चोरी से बनी है।

बीजेपी के संबित पात्रा ने रैली पर तंज कसते हुए कहा कि, कांग्रेस ने इसे ‘घुसपैठियों को बचाने’ के लिए किया। उन्होंने आरोप लगाया कि, कांग्रेस ने SIR के मुद्दे को राजनीतिकरण किया।

इससे पहले, राहुल गांधी ने संसद में कहा था कि, बीजेपी और RSS देश की संस्थाओं पर कब्जा कर रहे हैं। उन्होंने चुनाव सुधार की 3 मांगें रखीं । सभी राजनीतिक दलों को मशीन रीडेबल वोटर लिस्ट एक महीने पहले दी जाए। CCTV फुटेज के नष्ट होने के नियम बदलें। चुनाव के बाद ईवीएम की जांच की अनुमति दी जाए।

राहुल गांधी ने लगातार वोटर लिस्ट में गड़बड़ी और ईवीएम के जरिए वोट चोरी के आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि, बिहार और हरियाणा में कांग्रेस समर्थकों के नाम सूची से हटाए गए। कांग्रेस का कहना है कि, रैली में लगाए गए मुद्दे लोकतंत्र और वोट की सुरक्षा से जुड़े हैं और इसे हर गांव, हर शहर तक पहुंचाना जरूरी है।