हरियाणा सरकार ने स्वास्थ्य क्षेत्र में एक बड़ी और क्रांतिकारी पहल की है। दरअसल अब प्रदेश में मेडिकल, डेंटल, नर्सिंग, आयुष, फार्मेसी, फिजियोथैरेपी और होम्योपैथी जैसी सभी स्वास्थ्य काउंसिलों की सेवाएं एक ही डिजिटल प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध कराई जाएंगी। यह नया पोर्टल राज्य सरकार के आईटी विभाग की एजेंसी हारट्रोन (HARTRON) की तकनीकी मदद से तैयार किया जा रहा है। इस ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से अब स्वास्थ्य से जुड़ी किसी भी काउंसिल में रजिस्ट्रेशन, दस्तावेज सत्यापन (वेरिफिकेशन), प्रमाण पत्र जारी करना, नवीनीकरण जैसी तमाम प्रक्रियाएं घर बैठे ऑनलाइन ही पूरी की जा सकेंगी। यह प्रणाली पूरी तरह पारदर्शी, समयबद्ध और डिजिटल होगी, जिससे न केवल हेल्थ प्रोफेशनल्स को राहत मिलेगी, बल्कि अधिकारियों को भी कार्यप्रणाली को बेहतर तरीके से मॉनिटर करने में आसानी होगी।
CM सैनी और स्वास्थ्य मंत्री आरती राव के निर्देशन में बन रही योजना
इस नई व्यवस्था की पहल मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव के निर्देशन में की गई है। यह योजना इतनी प्राथमिकता के साथ क्रियान्वित की जा रही है कि सरकार इसे 15 अगस्त 2025 तक लॉन्च करने का लक्ष्य लेकर चल रही है। यानी, स्वतंत्रता दिवस के दिन प्रदेश को डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं का तोहफा मिल सकता है। इस पोर्टल का सबसे बड़ा लाभ यह होगा कि अब आवेदकों को किसी भी काउंसिल के दफ्तर में लंबी कतारों में लगने की जरूरत नहीं होगी। कई बार दस्तावेजों की बार-बार जांच, भटकाव, फॉर्म की गलती जैसी समस्याएं हेल्थ प्रोफेशनल्स के लिए परेशानी का कारण बनती थीं, लेकिन अब यह सब एक क्लिक में हल हो जाएगा। इस पोर्टल को डीजी लॉकर से भी जोड़ा जाएगा ताकि जो भी प्रमाण पत्र या दस्तावेज़ जारी हों, वे आवेदक के डिजिटल लॉकर में सीधे पहुंच जाएं और भविष्य में कभी भी आसानी से डाउनलोड किए जा सकें। इससे दस्तावेजों के गुम होने या नकली प्रमाण पत्र की समस्या भी काफी हद तक खत्म हो जाएगी।
स्वास्थ्य परिषदों के कामकाज पर एक ही जगह से नजर रखी जा सकेगी
मेडिकल काउंसिल के रजिस्ट्रार डॉ. मनदीप सचदेवा का कहना है कि इस एकीकृत पोर्टल से सभी स्वास्थ्य परिषदों के कामकाज पर एक ही जगह से नजर रखी जा सकेगी। इससे न केवल सिस्टम पारदर्शी होगा बल्कि समय और मानव संसाधन की भी बचत होगी। साथ ही, हेल्थ प्रोफेशनल्स को अपनी सेवाओं के लिए अलग-अलग काउंसिल के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। राज्य सरकार का यह डिजिटल हेल्थ पोर्टल भविष्य में अन्य राज्यों के लिए भी एक आदर्श मॉडल बन सकता है। यह पहल ‘ई-गवर्नेंस’ की दिशा में एक मजबूत कदम है जो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ‘डिजिटल इंडिया’ मुहिम को जमीनी स्तर पर मजबूत करता है। उम्मीद की जा रही है कि इस प्लेटफॉर्म के लॉन्च होने से हरियाणा देश का पहला ऐसा राज्य बन जाएगा, जिसने स्वास्थ्य से जुड़ी सभी परिषदों को एकीकृत डिजिटल व्यवस्था के तहत लाकर आम नागरिकों और प्रोफेशनल्स को सहज, पारदर्शी और सुरक्षित सेवाएं देने की दिशा में बड़ी उपलब्धि हासिल की हो।
