गुजरात में देश की पहली सहकारिता आधारित टैक्सी सेवा “भारत टैक्सी” का शुभारंभ

गांधीनगर में आज यानि 27 जून 2026 को एक महत्वपूर्ण पहल के तहत देश की पहली सहकारिता आधारित टैक्सी सेवा “भारत टैक्सी” का औपचारिक शुभारंभ किया जाएगा। यह लॉन्च महात्मा मंदिर कन्वेंशन और एग्जीबिशन सेंटर में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह द्वारा किया जाएगा। इस सेवा का सॉफ्ट लॉन्च पहले ही दिसंबर 2025 में गुजरात में किया जा चुका था।

यह पहल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘सहकार से समृद्धि’ के विजन को आगे बढ़ाते हुए परिवहन और मोबिलिटी सेक्टर में सहकारिता मॉडल को लागू करने की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है। “भारत टैक्सी” एक डिजिटल प्लेटफॉर्म है जो सहकारिता के सिद्धांतों पर आधारित है, जिसमें “सारथी ही मालिक” की अवधारणा को लागू किया गया है। इसका मतलब है कि टैक्सी चालक केवल सेवा देने वाले नहीं, बल्कि प्लेटफॉर्म के सह-मालिक भी होंगे।

इस कार्यक्रम में गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेन्द्र पटेल, उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी, सहकारिता मंत्रालय के सचिव डॉ. आशीष कुमार भूटानी, तथा कई केंद्रीय और राज्य स्तरीय मंत्री और वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंगे। इसके अलावा 4,000 से अधिक सारथी (ड्राइवर) भी इस आयोजन का हिस्सा बनेंगे।

“भारत टैक्सी” को सहकार टैक्सी कोऑपरेटिव लिमिटेड द्वारा विकसित किया गया है, जिसमें देश की 8 प्रमुख सहकारी संस्थाओं—एनसीडीसी, अमूल (जीसीएमएमएफ), एनडीडीबी, नाफेड, इफको, कृभको, नाबार्ड और एनसीईएल—का सहयोग शामिल है। यह मॉडल ड्राइवरों को आर्थिक सशक्तिकरण, सामाजिक सुरक्षा और स्वामित्व का लाभ देने पर आधारित है।

इस सेवा के तहत बेहतर प्रदर्शन करने वाले ड्राइवरों को कार्यक्रम में सम्मानित किया जाएगा और विभिन्न संस्थाओं के साथ समझौता ज्ञापनों (MoU) पर भी हस्ताक्षर किए जाएंगे। अब तक गुजरात से 1.5 लाख से अधिक सारथी इस पहल से जुड़ चुके हैं, जबकि देशभर में 37 लाख से अधिक ग्राहक इसकी सेवाओं का उपयोग कर चुके हैं।

“भारत टैक्सी” की शुरुआत गुजरात के 14 प्रमुख शहरों—अहमदाबाद, सूरत, वडोदरा, राजकोट, जामनगर, भावनगर, जूनागढ़, गांधीनगर समेत अन्य शहरों में की जाएगी। आने वाले एक महीने में इसे पूरे गुजरात में विस्तार देने की योजना है।

यह सेवा शून्य-कमीशन मॉडल पर आधारित है, जिसमें चालक को सीधे उसकी कमाई का लाभ मिलता है। साथ ही ड्राइवरों को बीमा, पेंशन, ऋण और अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से भी जोड़ा जाएगा। यात्रियों के लिए यह सेवा सर्ज-फ्री प्राइसिंग और सुरक्षित यात्रा अनुभव प्रदान करेगी, जिसमें बाइक, ऑटो और कैब जैसे विकल्प उपलब्ध होंगे।

कुल मिलाकर, “भारत टैक्सी” सहकारिता आधारित मोबिलिटी मॉडल को एक नया आयाम देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जिसका लक्ष्य आने वाले वर्षों में पूरे देश में विस्तार कर एक समावेशी और आत्मनिर्भर परिवहन व्यवस्था बनाना है।

ये भी पढ़ें:

By admin