इस देश में आया 6.7 तीव्रता का शक्तिशाली भूकंप

इंडोनेशिया के सुलावेसी द्वीप में मंगलवार को आए 6.7 तीव्रता के शक्तिशाली भूकंप ने लोगों में दहशत फैला दी। भूकंप के तेज झटके मध्य सुलावेसी प्रांत की राजधानी Palu और आसपास के इलाकों में महसूस किए गए। झटके इतने तेज थे कि लोग घबराकर अपने घरों, कार्यालयों और अन्य इमारतों से बाहर निकल आए और सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे। भूकंप के बाद कई इलाकों में इमारतों को नुकसान पहुंचने की खबरें सामने आई हैं।

इस आपदा ने पालू के लोगों की पुरानी दर्दनाक यादें भी ताजा कर दीं। वर्ष 2018 में इसी क्षेत्र में आए विनाशकारी भूकंप और सुनामी ने हजारों लोगों की जान ले ली थी। ऐसे में नए भूकंप के झटकों ने स्थानीय निवासियों के बीच एक बार फिर भय का माहौल पैदा कर दिया।

सुरक्षा के मद्देनजर शहर के कई अस्पतालों से मरीजों को तत्काल बाहर निकाला गया। सोशल मीडिया पर सामने आई तस्वीरों में डॉक्टर और स्वास्थ्यकर्मी मरीजों को स्ट्रेचर और मेडिकल उपकरणों के साथ खुले स्थानों पर ले जाते दिखाई दिए। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर कई संवेदनशील क्षेत्रों को खाली कराने की भी व्यवस्था की।

शहर के एक प्रमुख फोर-स्टार होटल के जनरल मैनेजर एफेंडी नताली ने बताया कि भूकंप आते ही होटल को खाली करा लिया गया था। हालांकि मेहमानों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया, लेकिन सभी लोग सुरक्षित हैं। उन्होंने बताया कि होटल को केवल मामूली नुकसान पहुंचा है। वहीं शहर के अन्य हिस्सों से छतों के गिरने, दीवारों में दरारें पड़ने और सड़कों पर मलबा बिखरने की खबरें भी मिली हैं।

अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (USGS) के अनुसार भूकंप का केंद्र पालू से लगभग 43 किलोमीटर पूर्व-दक्षिण-पूर्व में और जमीन से करीब 10 किलोमीटर की गहराई में स्थित था। मुख्य झटके के बाद कई आफ्टरशॉक्स भी महसूस किए गए, जिनमें सबसे बड़ा झटका 5.2 तीव्रता का दर्ज किया गया।

भूकंप के बाद तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोग संभावित खतरे को देखते हुए समुद्र तटों से दूर सुरक्षित स्थानों पर चले गए। हालांकि इंडोनेशिया की मौसम विज्ञान, जलवायु विज्ञान और भूभौतिकीय एजेंसी (BMKG) ने स्पष्ट किया है कि इस भूकंप से सुनामी का कोई खतरा नहीं है। एजेंसी ने लोगों से सतर्क रहने और आफ्टरशॉक्स की संभावना को देखते हुए सावधानी बरतने की अपील की है।

इंडोनेशिया की राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन एजेंसी ने बताया कि प्रभावित क्षेत्रों में नुकसान का आकलन किया जा रहा है। राहत और बचाव दलों को सक्रिय कर दिया गया है और प्रभावित लोगों तक सहायता पहुंचाने का काम जारी है। प्रशासन हताहतों और विस्थापित लोगों के संबंध में सटीक जानकारी जुटाने में लगा हुआ है।

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By admin