जालंधर में BSF हेडक्वार्टर के बाहर हुए धमाके मामले में सुरक्षा एजेंसियों ने बड़ी कार्रवाई की है और जांच में एक अहम सफलता हासिल की है। इस केस में शामिल मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और पूरे नेटवर्क का खुलासा होने का दावा किया जा रहा है।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान उमर दीन के रूप में हुई है, जो मोहाली जिले के जीरकपुर के भाबात इलाके का रहने वाला बताया जा रहा है। उसके पिता का नाम कादर खान है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि यह पूरी घटना किसी एक व्यक्ति की नहीं बल्कि एक संगठित मॉड्यूल की योजना का हिस्सा थी।

जांच एजेंसियों के अनुसार, इस साजिश के तार पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI से जुड़े नेटवर्क तक पहुंचते हैं। बताया जा रहा है कि आरोपी उमर दीन को इस पूरे काम के लिए विदेश में बैठे एक संपर्क के जरिए निर्देश मिल रहे थे।
इस मामले में एक और नाम सामने आया है, जिसमें उत्तर प्रदेश के रहने वाले अनिल शर्मा का भी जिक्र है। उसे घटना के दौरान वीडियो बनाने की जिम्मेदारी दी गई थी। हालांकि शुरुआती जांच में यह भी साफ हुआ है कि उसे इस बात की जानकारी नहीं थी कि वहां किसी धमाके की योजना है। वह केवल रिकॉर्डिंग के काम के लिए वहां मौजूद था।
सुरक्षा एजेंसियों का कहना है कि यह पूरा मॉड्यूल बेहद संगठित तरीके से काम कर रहा था और इसका मकसद संवेदनशील इलाकों में डर और अस्थिरता फैलाना हो सकता है। इसी वजह से अब जांच का दायरा और बढ़ा दिया गया है।
फिलहाल पुलिस और खुफिया टीमें लगातार आरोपियों से पूछताछ कर रही हैं और उनके मोबाइल, संपर्कों और लोकेशन डाटा की भी जांच की जा रही है। कई और संदिग्धों पर भी नजर रखी जा रही है जो इस नेटवर्क से जुड़े हो सकते हैं।
धमाके के बाद पंजाब और आसपास के इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत कर दिया गया है ताकि किसी भी तरह की नई घटना को रोका जा सके। अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में इस केस से जुड़े और भी बड़े खुलासे सामने आ सकते हैं, जिससे पूरे नेटवर्क की सच्चाई पूरी तरह उजागर हो सकेगी।
