किन्नौर वासियों को मिली 30 लाख रुपयों की सौगात
हिमाचल प्रदेश के सीमांत जिले किन्नौर में विकास की नई राह तैयार हो रही है। प्रदेश सरकार के जनजातीय विकास, राजस्व, बागवानी और जन शिकायत निवारण मंत्री जगत सिंह नेगी ने अपने किन्नौर दौरे के दौरान कुल 30 लाख रुपयों की लागत से निर्मित दो महत्वपूर्ण परियोजनाओं का लोकार्पण किया।
मंत्री ने बौनिंगसारिंग में 15 लाख रुपयों से निर्मित बास्केटबॉल कोर्ट और थेमगरंग में 15 लाख रुपयों की लागत से बने सामुदायिक हॉल का उद्घाटन किया। इस मौके पर क्षेत्र के ग्रामीणों, युवाओं और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने गर्मजोशी से स्वागत किया।
बौनिंगसारिंग में आयोजित कार्यक्रम में मंत्री जगत सिंह नेगी ने कहा कि, राज्य सरकार का लक्ष्य ग्रामीण स्तर पर खेलों को सशक्त बनाना है, ताकि स्थानीय प्रतिभाओं को सही मंच मिल सके। उन्होंने कहा कि, ये बास्केटबॉल कोर्ट न केवल खेल प्रेमियों को प्रेरित करेगा, बल्कि गांवों के युवाओं को एक बेहतर दिशा देगा।
नेगी ने बताया कि, कल्पा में 29 करोड़ रुपयों की लागत से एक अत्याधुनिक खेल परिसर का निर्माण कार्य जारी है, जो जल्द ही पूरा हो जाएगा। इस खेल परिसर में अंडर-14, अंडर-17 और अंडर-19 वर्ग की सभी जिला स्तरीय प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी…. साथ ही खिलाड़ियों के ठहरने और प्रशिक्षण की भी आधुनिक सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
मंत्री ने कहा कि, “किन्नौर जैसे सीमांत जिले में खेल सुविधाओं का विस्तार युवाओं के भविष्य को उज्जवल बनाएगा… सरकार की कोशिश है कि, हर पंचायत स्तर पर खेल के मैदान और सामुदायिक संसाधन विकसित किए जाएं।”

थेमगरंग में सामुदायिक हॉल का लोकार्पण करते हुए नेगी ने कहा कि, ये भवन स्थानीय जनता के लिए एक बड़ी उपलब्धि है। उन्होंने बताया कि, ये हॉल सामाजिक, सांस्कृतिक और धार्मिक आयोजनों के लिए केंद्र बिंदु बनेगा। जिसके बनने से गांव के लोग एकजुट होकर अपने कार्यक्रम आयोजित कर सकेंगे और सामुदायिक एकता को बल मिलेगा।
साथ ही उन्होंने कहा कि, “ग्रामीण इलाकों में ऐसे सामुदायिक केंद्रों की बहुत जरूरत है, क्योंकि ये न केवल सामाजिक गतिविधियों को गति देते हैं बल्कि स्थानीय संस्कृति को भी जीवित रखते हैं। अपने प्रवास के दौरान मंत्री जगत सिंह नेगी ने चांसू गांव का दौरा भी किया।
वहां उन्होंने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और संबंधित विभागों को तुरंत कार्रवाई करने के निर्देश दिए। ग्रामीणों ने सड़क, पेयजल और स्वास्थ्य सुविधाओं से जुड़ी कई समस्याएं उनके सामने रखीं। मंत्री ने भरोसा दिलाया कि, सरकार हर समस्या का समाधान प्राथमिकता के आधार पर करेगी।
जगत सिंह नेगी ने कहा कि, मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में राज्य सरकार जनकल्याण और समग्र विकास के प्रति पूरी तरह समर्पित है। सरकार ने सीमांत जिलों में शिक्षा, स्वास्थ्य, खेल और सामाजिक सुरक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय सुधार किए हैं।
उन्होंने बताया कि, पिछले कुछ वर्षों में राज्य में आधारभूत ढांचे को सुदृढ़ करने पर विशेष ध्यान दिया गया है। सरकार ने पहाड़ी जिलों में कनेक्टिविटी और रोजगार के अवसर बढ़ाने की दिशा में कई योजनाएं शुरू की हैं।
जगत सिंह नेगी ने कहा कि, “किन्नौर जैसे कठिन भौगोलिक क्षेत्र में विकास कार्य करना चुनौतीपूर्ण है, लेकिन राज्य सरकार हर संभव प्रयास कर रही है कि, यहां के नागरिकों को भी वे सभी सुविधाएं मिलें जो मैदानों में उपलब्ध हैं।”
जगत सिंह नेगी ने बताया कि सरकार किन्नौर में बागवानी को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए लगातार प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि, नई तकनीक के प्रयोग से सेब उत्पादन में सुधार हो रहा है और किसानों की आय में वृद्धि देखने को मिली है।
साथ ही उन्होंने कहा कि, पर्यटन क्षेत्र में भी किन्नौर की अपार संभावनाएं हैं। सरकार यहां के ऐतिहासिक और प्राकृतिक स्थलों को विकसित कर इको-टूरिज्म को बढ़ावा देने पर काम कर रही है।
मंत्री ने कहा कि, जनता से सीधा संवाद ही किसी भी सरकार की सफलता का आधार है। उन्होंने कहा कि, किन्नौर के लोग मेहनती और जागरूक हैं और सरकार उनकी अपेक्षाओं पर खरा उतरने की पूरी कोशिश कर रही है।

