PAWAN SINGH-JYOTI SINGH CONFLICT: पवन सिंह और पत्नी ज्योति सिंह के बीच गहराया विवाद
भोजपुरी सिनेमा के पावर स्टार पवन सिंह और उनकी पत्नी ज्योति सिंह के बीच चल रहा विवाद अब पूरी तरह से सार्वजनिक हो चुका है। रविवार को इस विवाद ने नया मोड़ तब लिया, जब ज्योति सिंह अचानक लखनऊ स्थित पवन सिंह के फ्लैट पर पहुंच गईं। जिसके बाद जो हुआ, वह किसी फिल्मी कहानी से कम नहीं था। पूरे दिन और रात लखनऊ के अंसल गोल्फ सिटी में हाई वोल्टेज ड्रामा चलता रहा, जो आखिरकार पुलिस तक पहुंचा।
ज्योति सिंह ने पवन सिंह के घर के बाहर खड़े होकर सोशल मीडिया पर लाइव आकर अपनी आपबीती सुनाई। कैमरे के सामने फूट-फूटकर रोती हुईं ज्योति ने कहा, “पवन जी ने पुलिस थाने में मेरे खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई है। पुलिस मुझे लेने आई है। अब मैं इस घर से नहीं जाऊंगी, यहां से मेरी अर्थी ही उठेगी। मैं बहुत परेशान हो चुकी हूं, जहर खाकर मर जाऊंगी, लेकिन अब और बेइज्जती नहीं सह सकती।”
जानकारी के मुताबिक, ज्योति सिंह बिहार से लखनऊ आई थीं और सीधे पवन सिंह के अंसल गोल्फ सिटी स्थित फ्लैट पर पहुंचीं। दोनों के बीच करीब डेढ़ घंटे बातचीत हुई, जिसके बाद पवन सिंह वहां से चले गए। लेकिन ज्योति सिंह उसी फ्लैट में पूरी रात रुकी रहीं। पवन सिंह ने उस रात अपने किसी अन्य फ्लैट में बिताई।
ड्रामे की शुरुआत वहीं से हुई जब ज्योति ने आरोप लगाया कि पवन सिंह ने उन्हें थाने भिजवाने की साजिश रची है। उनका कहना था कि उन्होंने सिर्फ गुजारे-भत्ते (maintenance) का मामला दायर किया है, लेकिन अब उन्हें झूठे मुकदमों में फंसाया जा रहा है। लाइव वीडियो में वह कहती दिखीं, “मैं यहां अपनी मर्जी से आई हूं। मेरी कोई गलत मंशा नहीं है। अब मुझे धमकी दी जा रही है। थाने ले जाकर झूठे केस बना दिए जाएंगे।”
ज्योति सिंह की यह भावुक अपील सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गई। उन्होंने वीडियो में जनता से भी न्याय की गुहार लगाई। “आप लोगों ने ही कहा था कि मैं पवन जी से मिलने जाऊं। अब देखिए, मुझे घर से निकालने के लिए पुलिस बुला ली गई है। आप ही बताइए कि मुझे न्याय कैसे मिलेगा?”
वीडियो में ज्योति के साथ एक महिला दिखाई देती है जो उन्हें फोन पकड़ाती है, जिसमें उनके वकील दूसरी ओर होते हैं। ज्योति अपने वकील से कहती हैं, “भइया, पुलिस वाले मुझे जबरदस्ती ले जा रहे हैं, मुझे धमकी दी जा रही है। मैंने इसकी रिकॉर्डिंग भी कर ली है।”
दूसरी ओर पुलिस का कहना है कि पवन सिंह और ज्योति सिंह के बीच तलाक का मामला कोर्ट में विचाराधीन है और मारपीट सहित कई आरोप इसमें दर्ज हैं। ऐसे में ज्योति सिंह का इस तरह फ्लैट में रहना उनकी सुरक्षा को लेकर जोखिम भरा हो सकता है। लेकिन ज्योति सिंह इन बातों से सहमत नहीं हैं। उन्होंने स्पष्ट कहा, “मैं उनकी पत्नी हूं। इस घर में रहना मेरा अधिकार है। चुनाव के समय उन्होंने मुझे इस्तेमाल किया, अब मुझे फेंका जा रहा है।”
ज्योति ने यह भी आरोप लगाया कि चुनाव के 20 दिन बाद पवन सिंह एक अन्य महिला को होटल लेकर गए थे। उन्होंने कहा कि पत्नी होने के नाते वह यह बर्दाश्त नहीं कर सकतीं। इसी कारण वह पवन सिंह से मिलने आई थीं, ताकि सारी बातें स्पष्ट हो सकें।
पवन सिंह की तरफ से अब तक इस पूरे घटनाक्रम पर कोई सीधा बयान नहीं आया है। लेकिन सूत्रों के मुताबिक, उन्होंने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए पुलिस को सूचित किया था, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रण में लेने की कोशिश की। अपार्टमेंट परिसर में भारी भीड़ इकट्ठा हो गई थी, जिसे नियंत्रित करने के लिए पुलिस बल की तैनाती करनी पड़ी।
ज्योति सिंह के भाई दुर्गेश सिंह ने बताया कि वह अपनी बहन के साथ सुबह से पवन सिंह के घर के बाहर हैं। उन्होंने बताया, “हमें पहले लॉबी में डेढ़ घंटे इंतजार कराया गया, फिर बहन की पवन सिंह से मुलाकात कराई गई। मुलाकात के बाद पवन जी चले गए और कुछ देर बाद उनके बड़े भाई आए, जो हम पर चिल्लाने लगे। फिर पुलिस आई और हमें जाने के लिए कहा गया।”
गौरतलब है कि पवन सिंह ने 2014 में नीलम सिंह से पहली शादी की थी। लेकिन शादी के एक साल बाद नीलम ने आत्महत्या कर ली थी। इसके बाद 2018 में उन्होंने बलिया की रहने वाली ज्योति सिंह से दूसरी शादी की थी। शुरूआत में सब कुछ ठीक रहा, लेकिन कुछ ही महीनों में रिश्तों में दरार आ गई। ज्योति सिंह ने पवन सिंह पर कई गंभीर आरोप लगाए और कोर्ट में तलाक की अर्जी दाखिल की। हालांकि, काउंसिलिंग के दौरान दोनों ने साथ रहने का फैसला किया था, लेकिन अब मामला फिर से गंभीर मोड़ पर पहुंच गया है।
ज्योति सिंह ने 3 अक्टूबर को सोशल मीडिया पर पोस्ट कर यह जानकारी दी थी कि वह लखनऊ आ रही हैं और पवन सिंह से मिलने की कोशिश करेंगी। जैसे ही पवन सिंह को इसकी जानकारी मिली, उन्होंने पुलिस को सूचित किया।
फिलहाल पुलिस की निगरानी में अपार्टमेंट के बाहर शांति है, लेकिन मामला अभी थमा नहीं है। दोनों पक्षों की ओर से कोई ठोस समाधान निकलता नहीं दिख रहा।

