पंजाब में बारिश और बाढ़ का कहर जारी....पंजाब में बारिश और बाढ़ का कहर जारी....

पंजाब में बारिश और बाढ़ का कहर जारी

 

पंजाब में इस समय बाढ़ ने विकराल रूप ले लिया है। लगातार हो रही भारी बारिश ने जन-जीवन को पूरी तरह से प्रभावित कर दिया है। राज्य के 9 जिले बाढ़ की चपेट में हैं और प्रशासन अलर्ट मोड पर है। हालात इतने गंभीर हो गए हैं कि, केंद्र सरकार तक को हस्तक्षेप करना पड़ा है

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पंजाब के राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया और मुख्यमंत्री भगवंत मान से फोन पर बात कर हालातों की जानकारी ली और हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया है।

आपकों बता दे कि, गृह मंत्री अमित शाह जम्मू-कश्मीर दौरे पर हैं, लेकिन उन्होंने पंजाब के हालात को लेकर तुरंत सीएम भगवंत मान और राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया से बात की। दोनों ने अमित शाह को राहत और बचाव कार्यों की जानकारी दी। अमित शाह ने आश्वासन दिया कि, केंद्र सरकार की ओर से हर संभव मदद दी जाएगी।

वही पंजाब में आई बाढ़ को लेकर बॉलीवुड अभिनेता संजय दत्त ने भी चिंता जताई है। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि “पंजाब में आई बाढ़ से हुई तबाही वाकई दिल तोड़ देने वाली है। प्रभावित सभी लोगों के लिए मैं ताकत और दुआएं भेज रहा हूं। मैं हर संभव तरीके से मदद करूंगा। बाबा जी सब पर कृपा करें और पंजाब की रक्षा करें

दरअसल पंजाब का औद्योगिक शहर लुधियाना भी बारिश और जलभराव से जूझ रहा है। लगातार आठ घंटे से ज्यादा चली बारिश से शहर में जलभराव हो गया है।

लुधियाना के कई इलाकों जैसे हरगोबिंद नगर, गणेश नगर, जनकपुरी, चौड़ा बाजार, किचलू नगर, सलेम टाबरी, बुड्ढा दरिया, टिब्बा रोड, ताजपुर रोड, समराला चौक, चंडीगढ़ रोड, सेक्टर 32 और 39, जमालपुर, लिंक रोड, गिल रोड, फिरोजपुर रोड और पंजपीर रोड पानी में डूब गए हैं। इन इलाकों में 2 से 3 फीट तक पानी भर गया है।

वाहन चालकों को भारी दिक्कत हो रही है। कई गाड़ियां बीच रास्ते में बंद पड़ गई। कुछ जगहों पर लोग घंटों तक अपनी गाड़ियां धकेलते नजर आए। अंडरपास भी पूरी तरह जलमग्न हो चुके हैं। निगम की मशीनें लगातार पानी निकालने में लगी हैं, लेकिन हालात काबू से बाहर हैं।

लुधियाना में बारिश के चलते दमोरिया पुल के पास एक पार्किंग एरिया में अचानक दीवार गिर गई। इसके मलबे के नीचे खड़ी करीब 3 से 4 कारें दब गईं और बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गईं। इसी तरह चौड़ा बाजार के पास दो मंजिला जर्जर बिल्डिंग गिर गई।

मलबा सड़क पर फैल जाने से आवागमन ठप हो गया। लोगों में दहशत का माहौल है। प्रशासन ने अपील की है कि लोग जर्जर इमारतों और दीवारों के पास वाहन न खड़ा करें और न ही वहां रुकें।

लगातार बारिश के कारण सतलुज नदी का जलस्तर खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। भट्टियां स्थित एसटीपी में रिवर्स फ्लो होने से पानी का प्रबंधन बिगड़ गया है। ऐसे में जिला प्रशासन ने अलर्ट जारी किया है। डिप्टी कमिश्नर हिमांशु जैन ने कहा है कि बाढ़ जैसे हालातों से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह तैयार है।

सतलुज नदी और अन्य तटबंधों पर निगरानी रखी जा रही है। आसपास की पंचायतों को अलर्ट पर रखा गया है और लोगों को सलाह दी गई है कि वे नदी किनारों पर न जाएं।

वहीं, डीसी ने विशेष अपील जारी करते हुए कहा कि, लोग सतलुज नदी में गणेश प्रतिमा का विसर्जन न करें। नदी का जलस्तर ऊंचा है और बहाव बहुत तेज है। तैराक भी इसमें बह सकते हैं और नरम किनारे धंस सकते हैं। ऐसे में लोगों की जान को बड़ा खतरा है।

पंजाब के जिन जिलों में बाढ़ का सबसे ज्यादा असर है, उनमें फाजिल्का, फिरोजपुर, कपूरथला, पठानकोट, तरनतारन, होशियारपुर, मोगा, गुरदासपुर और बरनाला शामिल हैं। सरकारी आंकड़ों के अनुसार अब तक 1312 गांव बाढ़ से प्रभावित हो चुके हैं।

अमृतसर जिले के अजनाला में धुस्सी बांध टूटने से लगभग 15 किलोमीटर का इलाका पानी में डूब गया है। पानी अजनाला कस्बे तक पहुंच गया है, जिससे प्रशासन ने अलर्ट जारी कर दिया है। अमृतसर एयरपोर्ट से अजनाला की दूरी महज 10 किलोमीटर है।