CM योगी आदित्यनाथ का विपक्ष पर बड़ा हमला
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक बार फिर कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर तीखा हमला बोला है। उन्होने एटा में एक नए सीमेंट संयंत्र के उद्घाटन के दौरान मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में विपक्षी दलों को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि, पहले देश को मुगलों और अंग्रेजों ने लूटा और फिर आजादी के बाद जो कुछ बचा, उसे कांग्रेस और सपा ने लूट लिया।
मुख्यमंत्री ने कहा, “1947 में इस देश को आजादी मिली। 1947 से 1960 तक भारत दुनिया की छठी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था था। उससे पहले की बात करें तो 17वीं और 18वीं शताब्दी में ये देश दुनिया की नंबर एक अर्थव्यवस्था था। लेकिन मुगलों और अंग्रेजों ने भारत को बर्बाद कर दिया। और जब देश आजाद हुआ, तब जो कुछ भी बचा था, उसे कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने अपनी झोलियों में भर लिया।”
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि इन दोनों दलों की संकीर्ण मानसिकता और परिवारवादी सोच के चलते देश और प्रदेश को आर्थिक, सामाजिक और प्रशासनिक रूप से पीछे धकेल दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और सपा की नीतियों की वजह से उत्तर प्रदेश अराजकता और भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गया।
मुख्यमंत्री ने कहा, “देश और प्रदेश के सामने पहचान का संकट पैदा कर दिया गया। कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने सिर्फ अपने परिवार का विकास किया। देश की जनता के लिए उनके पास कोई नीति नहीं थी, कोई योजना नहीं थी।”
उन्होंने ये भी आरोप लगाया कि, इन दलों की नीतियों के चलते उत्तर प्रदेश में कभी भी व्यापारी, महिलाएं और आम नागरिक सुरक्षित महसूस नहीं करते थे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि “कांग्रेस और सपा के शासनकाल में व्यापारी सुरक्षित नहीं था, पुलिस थानों पर हमले होते थे, और बेटियों की इज्जत खतरे में रहती थी। दंगे होना आम बात थी,”
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नीतियों की सराहना करते हुए योगी आदित्यनाथ ने कहा कि, “आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ‘सबका साथ, सबका विकास’ की भावना के साथ देश चल रहा है। लेकिन कांग्रेस और समाजवादी पार्टी की सोच कभी भी इस भावना के अनुरूप नहीं रही। उनकी सोच सिर्फ एक परिवार तक सीमित रही।”
उन्होंने कहा कि, प्रदेश और देश को अगर आगे बढ़ाना है, तो परिवारवाद, जातिवाद और तुष्टिकरण की राजनीति से बाहर निकलना होगा। कार्यक्रम के दौरान योगी आदित्यनाथ ने एटा में सीमेंट संयंत्र की स्थापना को क्षेत्र के विकास की दिशा में एक बड़ा कदम बताया। उन्होंने कहा कि इससे क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने ये भी कहा कि आज उत्तर प्रदेश देश के टॉप इन्वेस्टमेंट डेस्टिनेशन में से एक बन चुका है और ये बदलाव मोदी सरकार और राज्य की भाजपा सरकार की दूरदर्शी नीतियों का नतीजा है।
“जहां पहले यूपी की पहचान गुंडागर्दी और भ्रष्टाचार से होती थी, आज वही उत्तर प्रदेश निवेश, कानून व्यवस्था और विकास की नई पहचान बन रहा है,”
वही मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि इन दलों की राजनीति सिर्फ अराजकता फैलाने, वोट बैंक बनाने और सामाजिक वैमनस्य को बढ़ावा देने तक सीमित रही है। उन्होंने कहा, “इनकी सोच रही है—तोड़े, बांटे और राज करे। जबकि हमारी सोच है—जोड़ो, बढ़ाओ और देश बनाओ।”
मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि “अगर यूपी को विकास की राह पर बनाए रखना है, तो फिर से अराजकता और तुष्टिकरण की राजनीति करने वालों को सत्ता से दूर रखना होगा।”
उन्होंने ये भी दावा किया कि आज प्रदेश में कानून व्यवस्था की स्थिति पहले से कहीं बेहतर है, और सरकार ‘गुंडे-माफियाओं’ पर सख्त कार्रवाई कर रही है।
मुख्यमंत्री ने अपने भाषण में प्रदेश की कानून-व्यवस्था की स्थिति का जिक्र करते हुए कहा कि भाजपा सरकार ने ये साबित किया है कि सख्त प्रशासन और पारदर्शी नीतियों से कोई भी राज्य देश का सबसे अग्रणी राज्य बन सकता है।
उन्होंने कहा कि आज महिलाएं सुरक्षित महसूस कर रही हैं, व्यापारी निर्भीक होकर कारोबार कर रहे हैं और निवेशक पूरे भरोसे के साथ यूपी में निवेश कर रहे हैं।
“आज उत्तर प्रदेश में कोई दंगा नहीं होता, क्योंकि उपद्रवियों को पता है कि अगर वे कानून तोड़ेंगे, तो सीधा बुलडोजर उन पर चलेगा,”
अपने भाषण के दौरान उन्होंने कांग्रेस और सपा पर बार-बार तीखा प्रहार करते हुए कहा कि अगर इन दलों को फिर से मौका मिला, तो ये प्रदेश को फिर से अराजकता के दलदल में धकेल देंगे।

